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Ganesh Jayanti 2026: आज है गणेश जयंती, पूजा में भूलकर भी न करें ये गलतियां वरना लग सकता है कलंक

The loktnatra

द लोकतंत्र : हिंदू धर्म में भगवान गणेश को प्रथम पूज्य और दुखों को हरने वाला ‘विघ्नहर्ता’ माना जाता है। आज यानी 22 जनवरी 2026 को पूरा देश गणेश जयंती का पावन पर्व मना रहा है। माघ मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्थी को बप्पा के जन्मोत्सव के रूप में मनाया जाता है। मान्यता है कि आज के दिन सच्चे मन से की गई पूजा व्यक्ति के जीवन से बड़े से बड़े संकट को टाल देती है।

लेकिन क्या आप जानते हैं कि गणेश जी की पूजा के भी कुछ कड़े नियम हैं? अगर अनजाने में भी कोई गलती हो जाए, तो भगवान रुष्ट हो सकते हैं। आइए जानते हैं आज की पूजा विधि और उन सावधानियों के बारे में जिनका ध्यान रखना बेहद जरूरी है।

आज भूलकर भी न करें ये गलतियां!

ज्योतिषियों और शास्त्र के जानकारों के अनुसार, आज के दिन ये 4 काम करने से बचना चाहिए:

  1. चंद्र दर्शन से बचें: आज रात को चंद्रमा को देखना वर्जित है। माना जाता है कि आज चांद देखने से व्यक्ति पर ‘मिथ्या कलंक’ यानी बिना वजह का कलंक या झूठा आरोप लग सकता है।
  2. तुलसी न चढ़ाएं: गणेश जी की पूजा में कभी भी तुलसी का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए। पौराणिक कथा के अनुसार, गणेश जी ने तुलसी को अपनी पूजा से वर्जित किया था। उन्हें सिर्फ ‘दूर्वा’ (हरी घास) ही प्रिय है।
  3. अंधेरे में पूजा: पूजा स्थल पर रोशनी कम न होने दें। साथ ही, कभी भी गणेश जी की पीठ के दर्शन न करें, क्योंकि माना जाता है कि उनकी पीठ में ‘दरिद्रता’ का वास होता है।
  4. बुजुर्गों का अपमान: जिस घर में बड़ों का आदर नहीं होता, वहां बप्पा कभी नहीं रुकते। आज के दिन घर में क्लेश और विवाद से दूर रहें।

गणेश जयंती की सरल पूजा विधि

बप्पा को प्रसन्न करने के लिए आज दोपहर के समय पूजा करना सबसे उत्तम है:

  • तैयारी: सुबह जल्दी स्नान करके लाल रंग के कपड़े पहनें। पूजा स्थल पर लाल कपड़ा बिछाकर गणपति की प्रतिमा स्थापित करें।
  • अभिषेक और तिलक: यदि प्रतिमा धातु की है तो पंचामृत से स्नान कराएं। इसके बाद बप्पा को सिंदूर का तिलक लगाएं।
  • दूर्वा और फूल: गणेश जी को 21 दूर्वा की गांठें और लाल फूल अर्पित करें।
  • विशेष भोग: माघ का महीना होने के कारण आज बप्पा को तिल के लड्डुओं और मोदक का भोग जरूर लगाएं।
  • मंत्र जाप: पूजा के दौरान निरंतर ‘ॐ गं गणपतये नमः’ का जाप करते रहें। अंत में आरती के साथ पूजा संपन्न करें।

क्यों खास है इस बार की गणेश जयंती?

साल 2026 की यह गणेश जयंती कई शुभ योगों के साथ आई है। खासकर विद्यार्थियों के लिए आज का दिन बहुत महत्वपूर्ण है। आज बप्पा की आराधना करने से एकाग्रता बढ़ती है और बुद्धि तेज होती है। साथ ही, आज के दिन किया गया दान-पुण्य आर्थिक तंगी को दूर करने वाला माना गया है।

Uma Pathak

Uma Pathak

About Author

उमा पाठक ने महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ से मास कम्युनिकेशन में स्नातक और बीएचयू से हिन्दी पत्रकारिता में परास्नातक किया है। पाँच वर्षों से अधिक का अनुभव रखने वाली उमा ने कई प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में अपनी सेवाएँ दी हैं। उमा पत्रकारिता में गहराई और निष्पक्षता के लिए जानी जाती हैं।

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