द लोकतंत्र/ कोलकाता : पश्चिम बंगाल में आगामी चुनावों से पहले राजनीतिक माहौल तेजी से गरमाता दिखाई दे रहा है। चुनावी तारीखों की घोषणा से पहले ही राजनीतिक दलों ने जनता के बीच अपनी पकड़ मजबूत करने के लिए रैलियों और सभाओं का सिलसिला तेज कर दिया है। इसी कड़ी में पीएम मोदी ने शनिवार को कोलकाता के ऐतिहासिक ब्रिगेड ग्राउंड में एक विशाल जनसभा को संबोधित किया और राज्य की ममता बनर्जी सरकार पर तीखा हमला बोला।
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने भाषण में कहा कि पश्चिम बंगाल की जनता अब बदलाव चाहती है और राज्य में मौजूदा व्यवस्था से परेशान हो चुकी है। उन्होंने आरोप लगाया कि तृणमूल कांग्रेस (TMC) ने ‘मां, माटी, मानुष’ के नारे के साथ सत्ता हासिल की थी, लेकिन अब वही नारा अपनी मूल भावना से भटक चुका है। प्रधानमंत्री ने कहा कि आज राज्य में हालात ऐसे हैं कि आम लोग खुद को असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि बंगाल की ‘रोटी, बेटी और माटी’ पर खतरा बढ़ गया है और घुसपैठ की समस्या राज्य के लिए गंभीर चुनौती बनती जा रही है। पीएम मोदी के अनुसार, सीमावर्ती क्षेत्रों में बढ़ती घुसपैठ के कारण सामाजिक और आर्थिक संतुलन पर भी असर पड़ रहा है।
उन्होंने यह भी कहा कि पश्चिम बंगाल में राजनीतिक संरक्षण के कारण कई समस्याएं जड़ें जमा चुकी हैं, जिनका असर आम नागरिकों के जीवन पर पड़ रहा है। प्रधानमंत्री ने जनता से अपील करते हुए कहा कि राज्य को विकास और सुरक्षा की दिशा में आगे बढ़ाने के लिए मजबूत नेतृत्व की आवश्यकता है।
कानून-व्यवस्था और घुसपैठ के मुद्दे पर घेरा
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने भाषण में राज्य की कानून-व्यवस्था को लेकर भी गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि हाल के वर्षों में कई घटनाओं ने महिलाओं की सुरक्षा और प्रशासनिक व्यवस्था पर सवाल खड़े किए हैं। उनके अनुसार, यदि राज्य में भाजपा की सरकार बनती है तो अपराध के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी और कानून का उल्लंघन करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।
उन्होंने कहा कि भाजपा का लक्ष्य पश्चिम बंगाल को सुरक्षित, विकसित और आत्मनिर्भर राज्य बनाना है। प्रधानमंत्री ने आश्वासन दिया कि महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी और अपराधियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। रैली के दौरान प्रधानमंत्री ने यह भी कहा कि कोलकाता के ब्रिगेड ग्राउंड में उमड़ी भारी भीड़ यह संकेत दे रही है कि राज्य की जनता बदलाव के लिए तैयार है। उन्होंने कहा कि यह वही धरती है जिसने आजादी के आंदोलन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी और अब यही जनता नए राजनीतिक बदलाव की दिशा में आगे बढ़ रही है।
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संबोधन के अंत में कहा कि पश्चिम बंगाल का भविष्य उज्ज्वल हो सकता है, बशर्ते राज्य में विकास, सुशासन और पारदर्शिता को प्राथमिकता दी जाए। उनके अनुसार, जनता का समर्थन और विश्वास ही किसी भी बड़े परिवर्तन की सबसे बड़ी ताकत होती है।

