द लोकतंत्र/ नई दिल्ली : कांग्रेस सांसद Shashi Tharoor द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की कूटनीतिक पहल की सराहना किए जाने के बाद राजनीतिक विवाद और गहरा गया है। कांग्रेस नेता पवन खेड़ा की प्रतिक्रिया के बाद अब भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने भी इस मुद्दे को लेकर कांग्रेस और राहुल गांधी पर तीखा हमला बोला है। बीजेपी का आरोप है कि कांग्रेस प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रति इतनी नकारात्मक सोच रखती है कि वह अपनी ही पार्टी के नेताओं द्वारा की गई सकारात्मक टिप्पणी भी स्वीकार नहीं कर पा रही है।
राहुल गांधी और कांग्रेस पर बीजेपी का हमला
बीजेपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता सी.आर. केसवन ने कांग्रेस की प्रतिक्रिया को दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए कहा कि शशि थरूर ने केवल भारत के राष्ट्रीय हित से जुड़े एक महत्वपूर्ण मुद्दे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की भूमिका की सराहना की थी। इसके बावजूद कांग्रेस नेतृत्व की ओर से जिस तरह की प्रतिक्रिया सामने आई, वह पार्टी की मानसिकता को दर्शाती है।
केसवन ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारतीय नागरिक नाविकों की सुरक्षा का मुद्दा मजबूती से उठाया था। इस पर थरूर ने सकारात्मक टिप्पणी की, लेकिन कांग्रेस नेतृत्व इसे भी पचा नहीं पाया। बीजेपी प्रवक्ता के अनुसार राहुल गांधी और कांग्रेस पार्टी प्रधानमंत्री मोदी के प्रति गहरी असुरक्षा और राजनीतिक विरोध से ग्रस्त हैं, जिसके कारण वे सामान्य राजनीतिक शिष्टाचार भी नहीं निभा पा रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस का ध्यान हमेशा राष्ट्रीय हितों की बजाय एक परिवार विशेष के हितों पर केंद्रित रहा है। बीजेपी ने कहा कि किसी भी राष्ट्रीय मुद्दे पर सकारात्मक पहल की सराहना राजनीति से ऊपर उठकर की जानी चाहिए।
क्या था Shashi Tharoor का बयान और क्यों मचा विवाद?
दरअसल, शशि थरूर ने हाल ही में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की उस पहल की प्रशंसा की थी, जिसमें उन्होंने अमेरिकी राष्ट्रपति के समक्ष भारतीय नागरिक नाविकों की सुरक्षा का मुद्दा उठाया था। थरूर ने कहा था कि प्रधानमंत्री मोदी ने सार्वजनिक और निजी दोनों बैठकों में स्पष्ट रूप से यह संदेश दिया कि युद्ध क्षेत्रों में काम कर रहे नागरिक नाविक सैनिक नहीं होते और उन्हें किसी भी तरह के सैन्य हमले का निशाना नहीं बनाया जाना चाहिए।
थरूर के अनुसार प्रधानमंत्री ने भारतीय नागरिकों की सुरक्षा और उनके हितों को लेकर अमेरिका के सामने भारत का पक्ष मजबूती और स्पष्टता के साथ रखा। कांग्रेस सांसद की इस टिप्पणी को लेकर राजनीतिक गलियारों में चर्चा तेज हो गई। इसी बयान पर कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने व्यंग्यात्मक प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि लगता है शशि थरूर प्रधानमंत्री मोदी की ऐसी बातें भी सुन लेते हैं जो उन्होंने कभी कही ही नहीं हैं। खेड़ा ने तंज कसते हुए कहा कि थरूर ने पीएम मोदी की ऐसी कूटनीतिक सख्ती भी सुन ली जो आधिकारिक रिकॉर्ड में कहीं मौजूद नहीं है। उन्होंने कटाक्ष करते हुए कहा कि बाकी लोग सामान्य इंसानों की तरह ही चीजों को सुन और समझ सकते हैं।
पवन खेड़ा की इस टिप्पणी के बाद विवाद और बढ़ गया। बीजेपी ने इसे कांग्रेस की आंतरिक असहिष्णुता और प्रधानमंत्री मोदी के प्रति पूर्वाग्रह का उदाहरण बताते हुए कांग्रेस नेतृत्व पर सवाल उठाए हैं। वहीं राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि शशि थरूर के बयान और उस पर कांग्रेस की प्रतिक्रिया ने पार्टी के भीतर वैचारिक मतभेदों की चर्चा को भी एक बार फिर हवा दे दी है।




