द लोकतंत्र/ ऑटो न्यूज़ : 1 फरवरी 2026 को पेश होने वाला केंद्रीय बजट देश Budget 2026 की आर्थिक दिशा तय करने के साथ-साथ ऑटोमोबाइल सेक्टर के भविष्य के लिए भी बेहद अहम माना जा रहा है। भारत का ऑटो सेक्टर न सिर्फ रोजगार और निवेश का बड़ा स्रोत है, बल्कि यह मैन्युफैक्चरिंग, निर्यात और टेक्नोलॉजी इनोवेशन से भी सीधे तौर पर जुड़ा हुआ है। ऐसे में कार, दोपहिया, इलेक्ट्रिक वाहन, टायर और हेलमेट उद्योग सभी की नजरें Budget 2026 पर टिकी हुई हैं।
Budget 2026 से ऑटोमोबाइल कंपनियों को काफी उम्मीदें
ऑटोमोबाइल कंपनियों की सबसे बड़ी उम्मीद बुनियादी ढांचे में निरंतर और तेज निवेश को लेकर है। बेहतर सड़कें, एक्सप्रेसवे, हाईवे और लॉजिस्टिक्स नेटवर्क सीधे तौर पर वाहनों की मांग बढ़ाते हैं। उद्योग का मानना है कि इंफ्रास्ट्रक्चर पर कैपिटल एक्सपेंडिचर बढ़ाने से ट्रांसपोर्टेशन लागत घटेगी और ऑटो सेक्टर को स्थायी ग्रोथ मिलेगी। पिछले कुछ वर्षों में सरकार ने इस दिशा में कदम उठाए हैं, लेकिन कंपनियां चाहती हैं कि Budget 2026 में इस रफ्तार को और तेज किया जाए।
इलेक्ट्रिक वाहन (EV) सेक्टर इस बजट से सबसे ज्यादा उम्मीदें लगाए बैठा है। EV को अपनाने की रफ्तार बढ़ी है, लेकिन चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर अभी भी बड़ी चुनौती बना हुआ है। कंपनियां चाहती हैं कि सरकार फास्ट-चार्जिंग कॉरिडोर, हाईवे चार्जिंग स्टेशन और शहरी नेटवर्क पर ज्यादा निवेश करे। इसके साथ ही EV पार्ट्स और बैटरी पर इंपोर्ट ड्यूटी में राहत तथा लोकल मैन्युफैक्चरिंग के लिए अतिरिक्त प्रोडक्शन इंसेंटिव की मांग भी की जा रही है। उद्योग का मानना है कि यदि नीतिगत स्पष्टता और प्रोत्साहन मिले, तो 2030 तक EV लक्ष्य हासिल करना आसान हो जाएगा।
Budget 2026: दीर्घकालिक नीति, स्किल डेवलपमेंट और घरेलू विनिर्माण
हेलमेट और सड़क सुरक्षा से जुड़ी इंडस्ट्री भी बजट से बड़ी राहत की उम्मीद कर रही है। जीएसटी सुधारों के बाद इस सेक्टर में स्थिरता आई है, लेकिन अब कंपनियां दीर्घकालिक नीति, स्किल डेवलपमेंट और घरेलू विनिर्माण को बढ़ावा देने वाले फैसलों की मांग कर रही हैं। इससे न सिर्फ सड़क सुरक्षा मजबूत होगी, बल्कि रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे।
टायर इंडस्ट्री की नजर भी Budget 2026 पर है। यह सेक्टर आसान व्यापार प्रक्रियाओं, बेहतर लॉजिस्टिक्स और निर्यात प्रोत्साहन की उम्मीद कर रहा है। इसके अलावा ग्रामीण आय बढ़ाने और कृषि क्षेत्र को मजबूत करने वाली नीतियां टायर और ऑटोमोबाइल की मांग को लंबे समय तक बनाए रख सकती हैं।
कुल मिलाकर, Budget 2026 से ऑटोमोबाइल सेक्टर को स्थिर नीतियां, मजबूत इंफ्रास्ट्रक्चर, इलेक्ट्रिक मोबिलिटी के लिए ठोस समर्थन और घरेलू मैन्युफैक्चरिंग को बढ़ावा देने वाले फैसलों की उम्मीद है। यदि सरकार इन क्षेत्रों पर संतुलित और दूरदर्शी कदम उठाती है, तो इसका लाभ सिर्फ ऑटो इंडस्ट्री ही नहीं, बल्कि पूरी भारतीय अर्थव्यवस्था को मिलेगा।

