द लोकतंत्र : सर्दियों का मौसम अपने साथ जहाँ खान-पान की विविधता लेकर आता है, वहीं मौसम से जुड़ी बीमारियों का खतरा भी बढ़ जाता है। ऐसे में पारंपरिक डेजर्ट्स का महत्व बढ़ जाता है जो न केवल स्वाद प्रदान करते हैं, बल्कि स्वास्थ्य की सुरक्षा भी करते हैं। गाजर या मूंग दाल के हलवे की तरह ही, कच्ची हल्दी का हलवा एक ऐसा शक्तिशाली व्यंजन है जो ठंड में शरीर को गरमाहट देता है और इम्यूनिटी (Immunity) को मज़बूत बनाकर वायरल हेल्थ प्रॉब्लम से बचाता है। यह उन बच्चों के लिए उत्कृष्ट विकल्प है जो हल्दी का दूध पीने से कतराते हैं।
औषधीय गुण और उपयोग का विधान
कच्ची हल्दी अपने एंटी-इंफ्लेमेटरी और एंटीऑक्सीडेंट गुणों के लिए जानी जाती है, जो इसे प्राकृतिक औषधि बनाते हैं। हालाँकि, इसकी प्रकृति गर्म और स्वाद कसैला होता है, इसलिए इसे सीमित मात्रा में लेना ही फायदेमंद है।
- सेवन की विधि: विशेषज्ञों के अनुसार, इस हलवे को गाजर या मूंग के हलवे की तरह ढेर सारा खाने के बजाय, इसे प्रतिदिन 1-2 चम्मच की कम मात्रा में गुनगुने दूध के साथ लेना चाहिए। यह नियमित सेवन आपको पूरी सर्दी हेल्दी बनाए रख सकता है।
कच्ची हल्दी का हलवा: चरणबद्ध रेसिपी
इस पौष्टिक और स्वादिष्ट डेजर्ट को बनाना आसान है, जहाँ बादाम और गुड़ हल्दी के कसैलेपन को संतुलित करते हैं।
हलवा के लिए आवश्यक सामग्री
- कच्ची हल्दी: 250 ग्राम (कद्दूकस या पिसी हुई)
- देसी घी: 200 ग्राम
- गुड़: 250 ग्राम (या स्वादानुसार)
- बेसन: 100 ग्राम
- बादाम: 100-120 ग्राम (पिसा हुआ पाउडर)
- इलायची: 8-9 दरदरी कुटी हुई हरी इलायची
- गार्निशिंग: बादाम की कतरन (डेढ़ चम्मच)
हलवा बनाने की प्रक्रिया
- तैयारी: कच्ची हल्दी को धोकर, नमी सुखाकर छिलका हटा दें। इसे या तो कद्दूकस कर लें या मिक्सर जार में डालकर बारीक पीस लें। बादाम को भी पीसकर पाउडर बना लें।
- हल्दी भूनना: एक कड़ाही में 4 बड़े चम्मच देसी घी डालें। इसमें पिसी हुई हल्दी डालकर हल्की या मीडियम फ्लेम पर चलाते हुए भूनें जब तक कि हल्दी घी न सोख ले।
- बादाम का मिश्रण: हल्दी में पिसे हुए बादाम मिला दें और 2-3 मिनट तक अच्छी तरह भूनें, जब तक कि मिश्रण कड़ाही से अलग न होने लगे। गैस बंद कर दें।
- गुड़ और बेसन: एक दूसरे पैन में 2-3 चम्मच देसी घी डालकर बेसन को रंग बदलने तक हल्की आंच पर लगातार चलाते हुए रोस्ट करें। बेसन भुनने पर इसमें टुकड़ों में तोड़ा हुआ गुड़ एड करें और गुड़ पिघलने तक चलाते हुए पका लें, ध्यान रहे कि गांठें न पड़ें।
- अंतिम मिश्रण और पकाना: गुड़ और बेसन के मिश्रण में भुनी हुई हल्दी और थोड़ा सा घी एड करें। सारी चीजों को साथ में चलाते हुए तब तक पकाएं जब तक कि मिश्रण अच्छी तरह मिल न जाए।
- अंतिम चरण: अंत में इलायची का पाउडर मिलाएं। जब हलवा घी छोड़ने लगे तो गैस ऑफ कर दें। यह हलवा तैयार है। इसे ठंडा करके कंटेनर में भरकर कुछ दिनों के लिए स्टोर किया जा सकता है।
यह हलवा स्वाद और स्वास्थ्य का अद्भुत संगम है, जो सर्दियों में आपकी रसोई का आवश्यक हिस्सा होना चाहिए।

