द लोकतंत्र/ लखनऊ : उत्तर प्रदेश में कोडीन कफ सिरप मामले को लेकर सियासी घमासान लगातार तेज होता जा रहा है। सोमवार (22 दिसंबर) को विधानसभा में इस मुद्दे पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बेहद सख्त रुख अपनाते हुए साफ कहा कि इस मामले में किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा। विपक्ष पर तीखा हमला बोलते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार की कार्रवाई जब अपने अंतिम स्तर तक पहुंचेगी, तब आपमें से बहुत से लोग फतिया पढ़ने जाएंगे और आपको फतिहा पढ़ने लायक भी नहीं छोड़ा जाएगा।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सदन को आश्वस्त करते हुए कहा कि कोडीन कफ सिरप से जुड़े इस पूरे नेटवर्क में जो भी अपराधी सामने आएगा, उसके खिलाफ कानून के तहत सबसे सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि उत्तर प्रदेश सरकार इस मामले में किसी भी प्रकार का राजनीतिक दबाव या प्रभाव स्वीकार नहीं करेगी।
अब तक 77 गिरफ्तारियां, कार्रवाई जारी
सीएम योगी ने विधानसभा में कफ सिरप मामले में अब तक हुई कार्रवाई की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि इस केस में अब तक 77 आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है और जांच अभी जारी है। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह एक संगठित अवैध कारोबार का मामला है, जिसमें दवाओं का गलत तरीके से डायवर्जन कर नशे के लिए इस्तेमाल किया जा रहा था।
उन्होंने कहा कि प्रदेश में अवैध गतिविधियों के खिलाफ सरकार ने जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई है और यह कार्रवाई आने वाले दिनों में और तेज होगी।
प्रदेश में कोडीन सिरप से मौत की कोई पुष्टि नहीं
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विपक्ष के आरोपों का जवाब देते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश में कोडीन कफ सिरप से किसी भी मौत की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जिन मामलों में मौत की बात सामने आई है, वह सिरप प्रदेश के बाहर का बताया जा रहा है।
सीएम योगी ने कहा कि उत्तर प्रदेश में अवैध डायवर्जन जरूर हो रहा था, लेकिन उसे समय रहते रोका गया। इसी क्रम में अलग-अलग जिलों में की गई छापेमारी में 77 लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
कई कंपनियों के नाम आए सामने
मुख्यमंत्री ने सदन में जानकारी दी कि इस अवैध गतिविधि में कुछ कंपनियों के नाम भी सामने आए हैं। इनमें वाराणसी की शैली ट्रेडर्स, सहारनपुर की अबोर्ट हेल्थ केयर और गाजियाबाद व दिल्ली की एक लैबोरेटरी शामिल हैं। उन्होंने कहा कि जांच एजेंसियां इन सभी कड़ियों को जोड़कर पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश कर रही हैं।
कोडीन कफ सिरप मामले को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने समाजवादी पार्टी पर सीधा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि वाराणसी में जिस स्टोरेज का इस्तेमाल आरोपी शुभम जायसवाल कर रहा था, वह मनोज यादव का है।
सीएम योगी ने कहा कि शैली ट्रेडर्स का शुभम जायसवाल समाजवादी पार्टी की युवजन सभा का स्टेट सेक्रेटरी है और वह कैंट वाराणसी से सपा के उम्मीदवार रहे अमित यादव का बिजनेस पार्टनर भी है। मुख्यमंत्री ने सदन में यह भी कहा कि अमित यादव की तस्वीरें अखिलेश यादव के साथ मौजूद हैं और वह पार्टी के ऑफिस बेयरर रहे हैं, जिसे नकारा नहीं जा सकता।
‘माफिया’ से किसके संबंध हैं, सब जानते हैं
सीएम योगी ने कहा कि यह किसी से छिपा नहीं है कि माफिया से किसके संबंध रहे हैं। उन्होंने विपक्ष से सवाल किया कि जब ऐसे तथ्य सामने आ रहे हैं, तो राजनीतिक संरक्षण की बात से कैसे इनकार किया जा सकता है। मुख्यमंत्री ने दो टूक कहा कि अपराधी चाहे किसी भी पार्टी से जुड़ा हो, कानून अपना काम करेगा।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्पष्ट किया कि यह कार्रवाई अभी रुकेगी नहीं। आने वाले समय में और गिरफ्तारियां होंगी और पूरे नेटवर्क को ध्वस्त किया जाएगा। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार युवाओं को नशे से बचाने और अवैध दवा कारोबार पर पूरी तरह अंकुश लगाने के लिए प्रतिबद्ध है।
इस बयान के बाद कोडीन कफ सिरप मामला न सिर्फ कानूनी बल्कि सियासी रूप से भी और गर्मा गया है, और आने वाले दिनों में इस पर राजनीति और तेज होने के संकेत साफ दिखाई दे रहे हैं।

