द लोकतंत्र : दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने रोहित गोदारा गैंग के दो कुख्यात शूटरों को एनकाउंटर के बाद गिरफ्तार किया है। यह एनकाउंटर दिल्ली के कालिंदी कुंज इलाके में हुआ। पुलिस की ओर से दी गई जानकारी के मुताबिक पकड़े गए दोनों बदमाश मशहूर कॉमेडियन मुनव्वर फारुकी को निशाना बनाने की साजिश रच रहे थे।
मुंबई और बेंगलुरु में की गई थी रेकी
पकड़े गए शूटरों ने पूछताछ में कबूल किया कि वे बीते कुछ दिनों से मुनव्वर फारुकी पर नजर रखे हुए थे। दोनों बदमाशों ने मुंबई और बेंगलुरु में उनकी रेकी भी की थी। गैंग के जरिए उन्हें साफ निर्देश मिला था कि आने वाले दिनों में मुनव्वर फारुकी को टारगेट करना है। इस खुलासे के बाद पुलिस ने कॉमेडियन की सुरक्षा बढ़ा दी है।
गिरफ्तार शूटरों की पहचान
पुलिस ने दोनों आरोपियों की पहचान राहुल और साहिल के रूप में की है। राहुल हरियाणा के पानीपत जिले के जुरासी गांव का रहने वाला है और उस पर कई संगीन केस दर्ज हैं। दिसंबर 2024 में यमुनानगर में हुए तिहरे हत्याकांड में इसका नाम सामने आया था। फरवरी 2025 में बीकानेर में भी इसे हथियारों के साथ गिरफ्तार किया गया था।
साहिल, 37 वर्ष, भिवानी के जैन चौक का निवासी है। उस पर वित्तीय धोखाधड़ी और फर्जीवाड़े से जुड़े कई मामले दर्ज हैं। फिलहाल भिवानी और सिरसा की अदालतों में केस विचाराधीन हैं।
एनकाउंटर की कहानी
दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल को सूचना मिली थी कि ये दोनों आरोपी एनसीआर में मूवमेंट कर रहे हैं। 1 अक्टूबर की शाम जब दोनों बाइक से कालिंदी कुंज–जैतपुर पुश्ता रोड पर पहुंचे, तो पुलिस ने उन्हें रोकने की कोशिश की। इस दौरान दोनों बदमाशों ने पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने दोनों के पैर में गोली मारकर उन्हें पकड़ लिया।
गैंगस्टर वॉर और साजिशें
दिल्ली पुलिस का मानना है कि रोहित गोदारा, गोल्डी बराड़ और लॉरेंश बिश्नोई के बीच चल रही रंजिश के कारण इन गैंग्स के शूटर लगातार एक्टिव हैं। पिछले कुछ महीनों में यूट्यूबर और सिंगर तक को निशाना बनाने की कोशिशें हुई हैं। हाल ही में यूट्यूबर एल्विश यादव के घर पर भी फायरिंग की गई थी, जिसकी जिम्मेदारी हिमांशु भाऊ गैंग ने ली थी।
जांच जारी
फिलहाल दिल्ली पुलिस गिरफ्तार शूटरों से पूछताछ कर रही है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि मुनव्वर फारुकी पर हमले की इस साजिश के पीछे गैंगस्टर्स का असली मकसद क्या था। साथ ही, यह भी जांच का विषय है कि गैंग के कौन से बड़े सदस्य सीधे तौर पर इस प्लान से जुड़े थे।

