द लोकतंत्र/ नई दिल्ली डेस्क : अमेरिका-ईरान युद्ध विराम के बीच होर्मुज स्ट्रेट से जहाजों की आवाजाही को लेकर एक बड़ी खबर सामने आई है। रिपोर्ट्स के अनुसार, ईरान ने अब इस रणनीतिक समुद्री मार्ग से प्रतिदिन केवल 15 जहाजों को गुजरने की अनुमति देने का फैसला किया है। इस कदम ने वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति और समुद्री व्यापार को लेकर नई चिंताएं पैदा कर दी हैं।
होर्मुज स्ट्रेट दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण तेल और गैस मार्गों में से एक है, जहां से वैश्विक स्तर पर बड़ी मात्रा में कच्चा तेल और एलएनजी का परिवहन होता है। ऐसे में जहाजों की सीमित आवाजाही का सीधा असर भारत सहित कई देशों की ऊर्जा आपूर्ति पर पड़ सकता है।
भारत सरकार का दावा: सप्लाई फिलहाल सामान्य
भारत सरकार ने इस स्थिति को लेकर आश्वासन दिया है कि देश में एलपीजी और अन्य ईंधन की सप्लाई फिलहाल सुचारू बनी हुई है। पेट्रोलियम मंत्रालय के अनुसार, देश में रोजाना 58 लाख से अधिक घरेलू एलपीजी सिलेंडर वितरित किए जा रहे हैं। इसके अलावा कमर्शियल एलपीजी की उपलब्धता भी बढ़ाई गई है, जो अब करीब 70 प्रतिशत तक पहुंच चुकी है।
मंत्रालय ने बताया कि एक दिन के भीतर लगभग 6,700 टन कमर्शियल एलपीजी की बिक्री दर्ज की गई, जो करीब 3.5 लाख सिलेंडरों के बराबर है। इसके साथ ही 5 किलो वाले छोटे सिलेंडरों की बिक्री भी 1.06 लाख तक पहुंच गई है। इससे संकेत मिलता है कि सरकार संभावित संकट से निपटने के लिए तैयारियां कर रही है।
क्यों महत्वपूर्ण है होर्मुज स्ट्रेट?
ईरान और ओमान के बीच स्थित होर्मुज स्ट्रेट भले ही केवल 34 किलोमीटर चौड़ा है, लेकिन इसकी वैश्विक अहमियत बेहद बड़ी है। इसे दुनिया की ‘आर्थिक नस’ भी कहा जाता है, क्योंकि वैश्विक तेल आपूर्ति का लगभग 20 प्रतिशत हिस्सा इसी मार्ग से होकर गुजरता है। यह समुद्री रास्ता खाड़ी देशों को हिंद महासागर से जोड़ता है और केवल तेल ही नहीं, बल्कि उर्वरक, रसायन और अन्य जरूरी वस्तुओं की आपूर्ति के लिए भी बेहद अहम है। ऐसे में यहां किसी भी प्रकार की बाधा वैश्विक बाजार में अस्थिरता पैदा कर सकती है।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि ईरान की ओर से यह पाबंदी लंबे समय तक जारी रहती है, तो इसका असर अंतरराष्ट्रीय तेल कीमतों और भारत जैसे आयात-निर्भर देशों की अर्थव्यवस्था पर पड़ सकता है। कुल मिलाकर, होर्मुज स्ट्रेट में सीमित आवाजाही का यह फैसला वैश्विक ऊर्जा सुरक्षा के लिए एक बड़ा संकेत है, जिस पर आने वाले दिनों में सभी की नजर बनी रहेगी।

