द लोकतंत्र/ कोलकाता : पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के पहले चरण से पहले राजनीतिक सरगर्मी चरम पर है। इसी बीच केंद्रीय गृह मंत्री Amit Shah ने कोलकाता में भारतीय जनता पार्टी (BJP) का संकल्प पत्र जारी किया। इस दौरान उन्होंने राज्य की जनता से कई बड़े वादे किए और तृणमूल कांग्रेस (TMC) पर तीखा हमला बोला।
कोलकाता में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में अमित शाह ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के उस बयान पर प्रतिक्रिया दी, जिसमें उन्होंने कहा था कि भाजपा सरकार आने पर लोगों को मछली और अंडा नहीं मिलेगा। शाह ने इसे पूरी तरह निराधार बताते हुए कहा कि भाजपा किसी की खान-पान की स्वतंत्रता में हस्तक्षेप नहीं करती और इस तरह के बयान सिर्फ भ्रम फैलाने के लिए दिए जा रहे हैं।
TMC पर हमला, ‘राम राज’ का वादा
अमित शाह ने TMC सरकार के पिछले 15 वर्षों के शासन को “बुरे सपने जैसा” बताते हुए दावा किया कि भाजपा का संकल्प पत्र राज्य में नई उम्मीद लेकर आया है। उन्होंने कहा कि अगर 5 मई 2026 को राज्य में भाजपा की सरकार बनती है, तो “राम राज” की स्थापना की दिशा में काम किया जाएगा।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि भाजपा सत्ता में आने के बाद पिछली सरकार की जनकल्याण योजनाओं को बंद नहीं करेगी, बल्कि उन्हें और बेहतर बनाएगी। शाह ने ममता बनर्जी पर आरोप लगाया कि वे चुनावी लाभ के लिए झूठ का प्रचार कर रही हैं और जनता को गुमराह करने की कोशिश कर रही हैं।
संकल्प पत्र में सुरक्षा, UCC और घुसपैठ पर फोकस
भाजपा के संकल्प पत्र में कानून-व्यवस्था और सुरक्षा को प्रमुख मुद्दा बनाया गया है। अमित शाह ने कहा कि राज्य में सभी नागरिकों को अपने धर्म का स्वतंत्र रूप से पालन करने का अधिकार सुनिश्चित करने के लिए सख्त कानून बनाए जाएंगे।
इसके अलावा उन्होंने घुसपैठ रोकने, सीमा सुरक्षा मजबूत करने और पशु तस्करी पर लगाम लगाने का वादा किया। समान नागरिक संहिता (UCC) को लेकर उन्होंने बड़ा ऐलान करते हुए कहा कि यदि भाजपा सरकार बनती है, तो छह महीने के भीतर इसे लागू किया जाएगा। शाह ने यह भी कहा कि यह संकल्प पत्र खासकर महिलाओं और युवाओं के लिए नए अवसर और सुरक्षा का भरोसा देता है।
पश्चिम बंगाल चुनाव से पहले भाजपा ने अपने एजेंडे को स्पष्ट करते हुए विकास, सुरक्षा और सांस्कृतिक पहचान जैसे मुद्दों को केंद्र में रखा है, जिससे राज्य की राजनीति और अधिक दिलचस्प हो गई है।

