द लोकतंत्र : माया नगरी मुंबई के अंधेरी वेस्ट स्थित सोरेंटो अपार्टमेंट में आज सुबह उस समय हड़कंप मच गया, जब मशहूर फिल्म निर्देशक और निर्माता संदीप सिंह के आवास में भीषण आग लग गई। यह हादसा इतना अचानक था कि संदीप सिंह को संभलने का अवसर नहीं मिला, विशेषकर तब जब वे हाल ही में एक सर्जरी करवाकर अस्पताल से लौटे थे। संकट की इस घड़ी में प्रसिद्ध अभिनेत्री अंकिता लोखंडे और उनके पति विक्की जैन ने सराहनीय तत्परता दिखाते हुए निर्देशक को सुरक्षित रेस्क्यू किया और अपने घर में शरण दी।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, संदीप सिंह हर्निया के ऑपरेशन के बाद कोकिलाबेन अस्पताल से डिस्चार्ज होकर अपने घर आए थे।
शुरुआती जांच में शॉर्ट सर्किट को आग का संभावित कारण माना जा रहा है, जिसने देखते ही देखते भीषण रूप धारण कर लिया।
अंकिता लोखंडे और विक्की जैन, जो संदीप के करीबी मित्र माने जाते हैं, तुरंत घटनास्थल पर पहुंचे। उन्होंने सुनिश्चित किया कि संदीप को धुएं और लपटों के बीच से सही सलामत निकाला जाए। फिलहाल फिल्ममेकर सेलिब्रिटी कपल के घर पर विश्राम कर रहे हैं और उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है।
संदीप सिंह का फिल्मी सफर: पत्रकारिता से प्रोडक्शन तक
संदीप सिंह ने बॉलीवुड में अपनी पहचान कड़ी मेहनत और विविध विषयों पर फिल्में बनाकर बनाई है।
- भंसाली प्रोडक्शंस का अनुभव: उन्होंने संजय लीला भंसाली जैसे दिग्गज के साथ काम करके फिल्म निर्माण की बारीकियां सीखीं।
- लीजेंड स्टूडियोज: स्वयं का प्रोडक्शन हाउस लॉन्च करने के बाद उन्होंने ‘मैरी कॉम’, ‘सरबजीत’ और ‘झुंड’ जैसी प्रभावशाली फिल्में दीं।
- निर्देशन में कदम: फिल्म ‘सफेद’ से निर्देशन की दुनिया में प्रवेश करने वाले संदीप ने हाल ही में ‘स्वतंत्र्या वीर सावरकर’ और ‘गोडसे’ जैसे ऐतिहासिक विषयों पर काम करके गहरी छाप छोड़ी है।
इस हादसे की खबर फैलते ही बॉलीवुड की तमाम हस्तियों ने संदीप की सलामत होने पर राहत व्यक्त की है। अंकिता और विक्की के इस मानवीय कदम की हर ओर प्रशंसा हो रही है। आने वाले समय में, संदीप सिंह कई महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट्स पर काम करने वाले हैं, जिनमें से कुछ पाइपलाइन में हैं। फैंस उनके जल्द स्वस्थ होने और पुनः सेट पर वापसी की कामना कर रहे हैं।
मुंबई जैसे महानगर में अग्निकांड की बढ़ती घटनाएं चिंता का विषय हैं, किंतु इस हादसे ने यह भी सिद्ध कर दिया कि ग्लैमर की चकाचौंध के पीछे सच्ची दोस्ती और मानवता आज भी जीवित है। अंकिता लोखंडे और विक्की जैन की सतर्कता ने न केवल एक सहकर्मी की जान बचाई, बल्कि एक बड़ी त्रासदी को भी टाल दिया।

