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Success Tips: काम में चाहिए पक्की सफलता? इन 3 शुभ योगों में शुरू करें अपना काम, कभी नहीं होगी हार

The loktnatra

द लोकतंत्र : हम अक्सर देखते हैं कि कुछ लोग दिन-रात एक कर देते हैं, फिर भी उनका काम ऐन मौके पर अटक जाता है। वहीं कुछ लोग बहुत ही आसानी से बड़ी सफलता हासिल कर लेते हैं। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, इसके पीछे सिर्फ मेहनत नहीं, बल्कि ‘सही समय’ यानी शुभ योग का बड़ा हाथ होता है।

हिंदू ज्योतिष में कुछ ऐसे खास नक्षत्रों और दिनों के मेल बताए गए हैं, जिनमें शुरू किया गया काम कभी असफल नहीं होता। अगर आप भी किसी नए काम की शुरुआत करने जा रहे हैं, तो इन 3 शक्तिशाली योगों के बारे में जरूर जान लें।

1. सर्वार्थ सिद्धि योग: हर मकसद को पूरा करने वाला समय

जैसा कि इसके नाम से ही पता चलता है—’सर्व-अर्थ-सिद्धि’ यानी वह समय जो आपके सभी उद्देश्यों को सिद्ध कर दे। यह योग तब बनता है जब किसी विशेष दिन पर एक निश्चित नक्षत्र का मिलन होता है।

  • किन कामों के लिए है बेस्ट: अगर आप नया बिजनेस शुरू करना चाहते हैं, नई नौकरी जॉइन कर रहे हैं या फिर जमीन-मकान और गाड़ी खरीदने का प्लान है, तो यह योग सबसे उत्तम है। विदेश यात्रा का फैसला लेने के लिए भी इसे बहुत शुभ माना जाता है।

2. पुष्य नक्षत्र: नक्षत्रों का राजा

पुष्य नक्षत्र को सभी 27 नक्षत्रों का राजा कहा जाता है। यह समृद्धि और स्थिरता का प्रतीक है। मान्यताओं के अनुसार, धन की देवी माता लक्ष्मी का जन्म इसी नक्षत्र में हुआ था। यही कारण है कि इस दौरान की गई खरीदारी लंबे समय तक शुभ फल देती है।

  • क्या करें: इस दिन सोना, चांदी या कोई भी कीमती वस्तु खरीदना बहुत शुभ होता है। इस नक्षत्र में शुरू किए गए काम में बरकत कभी खत्म नहीं होती।

3. रवि पुष्य योग: सबसे शक्तिशाली संयोग

जब नक्षत्रों का राजा ‘पुष्य’ और ग्रहों के राजा सूर्य का दिन यानी ‘रविवार’ एक साथ मिलते हैं, तो रवि पुष्य योग बनता है। ज्योतिष में इसे अक्षय तृतीया या धनतेरस के समान ही फलदायी माना गया है। इसमें सूर्य की शक्ति और पुष्य नक्षत्र की स्थिरता का अद्भुत संगम होता है।

  • फायदा: यदि आप प्रॉपर्टी में निवेश करना चाहते हैं, शेयर बाजार में पैसा लगाना चाहते हैं या कोई बड़ा आर्थिक लेन-देन करना चाहते हैं, तो इस योग से बेहतर कोई समय नहीं है।

ज्योतिष में इन्हें क्यों माना जाता है अति शुभ?

इन योगों को इतना खास इसलिए कहा जाता है क्योंकि इनमें नकारात्मक ऊर्जा को खत्म करने की अद्भुत शक्ति होती है। ज्योतिषियों का मानना है कि इन मुहूर्तों में ग्रहों की स्थिति ऐसी होती है जो इंसान की मेहनत को ब्रह्मांड का आशीर्वाद दिलाती है। इससे न केवल कुंडली के दोष कम होते हैं, बल्कि सफलता की संभावना भी कई गुना बढ़ जाती है।

मेहनत अपनी जगह है, लेकिन सही समय का साथ मिल जाए तो सफलता की राह आसान हो जाती है। अगली बार किसी भी बड़े काम की शुरुआत करने से पहले इन शुभ योगों का ध्यान जरूर रखें।

Uma Pathak

Uma Pathak

About Author

उमा पाठक ने महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ से मास कम्युनिकेशन में स्नातक और बीएचयू से हिन्दी पत्रकारिता में परास्नातक किया है। पाँच वर्षों से अधिक का अनुभव रखने वाली उमा ने कई प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में अपनी सेवाएँ दी हैं। उमा पत्रकारिता में गहराई और निष्पक्षता के लिए जानी जाती हैं।

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