आलोचना और अकेलेपन से सफलता तक का सफर; सामाजिक दबाव के बीच कैसे बनाए रखें अटूट आत्मविश्वास
द लोकतंत्र : समकालीन प्रतिस्पर्धी युग में सफलता की परिभाषा अक्सर दूसरों के अनुमोदन (Approval) पर टिकी होती है। समाज में एक बड़ा वर्ग व्यक्तियों की उपलब्धियों से अधिक उनकी विफलताओं का विश्लेषण करने के लिए तत्पर दिखता है। मनोवैज्ञानिकों के अनुसार, जब किसी व्यक्ति के सपनों का उपहास किया जाता है या उसकी मेहनत […]
