द लोकतंत्र : वास्तु शास्त्र, जो एक प्राचीन भारतीय विज्ञान है, घर में सकारात्मक ऊर्जा का संतुलन बनाए रखने पर ज़ोर देता है। वास्तु विशेषज्ञों के अनुसार, घर में कुछ चीजें ऐसी होती हैं, जिनका रखा जाना अशुभ माना जाता है। इन्हीं में से एक है घर में कहीं भी रखा टूटा हुआ शीशा या कांच। शीशे को व्यक्ति की छवि और ऊर्जा के प्रवाह का प्रतीक माना जाता है। जब यह टूट जाता है, तो यह सकारात्मक ऊर्जा को कम करके नकारात्मक प्रभाव बढ़ाने लगता है। इसकी नकारात्मकता का असर धीरे-धीरे पूरे घर के माहौल पर पड़ता है।
पारिवारिक क्लेश और मानसिक अशांति में वृद्धि
वास्तु शास्त्र के नियमों के अनुसार, टूटे हुए कांच से उत्सर्जित होने वाली नकारात्मक ऊर्जा घर के वातावरण को नष्ट कर देती है।
- संबंधों में तनाव: ऐसे घरों में परिवार के सदस्यों के बीच बिना किसी ठोस कारण के छोटी-छोटी बातों पर झगड़े, तनाव और मनमुटाव बने रहते हैं। यह अशांति प्रेम और सौहार्द को कम करती है।
- मानसिक स्वास्थ्य: टूटा शीशा घर के लोगों के मानसिक स्वास्थ्य को भी प्रभावित करता है। व्यक्ति अकारण ही गुस्सा, चिड़चिड़ापन और मानसिक अशांति महसूस करने लगता है। कई बार घर का माहौल इतना भारी हो जाता है कि शांति से रहना मुश्किल हो जाता है।
आर्थिक अव्यवस्था और कामकाज में बाधाएं
टूटे हुए शीशे का असर सिर्फ मानसिक शांति तक सीमित नहीं रहता, बल्कि यह व्यक्ति की आर्थिक स्थिति और कर्म क्षेत्र को भी प्रभावित करता है।
- धन की तंगी: वास्तु में टूटा कांच आर्थिक नुकसान का संकेत माना जाता है। ऐसे घरों में पैसे की तंगी बनी रहती है, मेहनत के बावजूद धन का संचय नहीं हो पाता और अचानक खर्चों में वृद्धि हो जाती है। यह नौकरी या व्यापार में नुकसान का कारण बन सकता है।
- कार्य अवरुद्ध: टूटा शीशा रखने से व्यक्ति के बनते हुए कामों में भी अड़चनें आने लगती हैं। चाहे वह शिक्षा हो, करियर हो या कोई नया प्रोजेक्ट, हर क्षेत्र में असफलता या सफलता मिलने में देरी होती है। इससे आत्मविश्वास कम होता है और मानसिक तनाव बढ़ता है।
समाधान और सुझाव
वास्तु विशेषज्ञ इस समस्या का एक सरल और त्वरित समाधान बताते हैं।
- अगर घर में शीशा टूट जाए या उसमें दरार आ जाए, तो उसे तुरंत हटा देना चाहिए। टूटे हुए कांच को घर से बाहर फेंककर उसकी जगह एक नया, साफ और बिना दरार वाला शीशा लगवाएं। इससे घर में नकारात्मक ऊर्जा का प्रवाह रुकता है और सकारात्मकता पुनः स्थापित होती है।

