द लोकतंत्र : जब भी कश्मीर की बात होती है, तो हमारे दिमाग में बर्फ की वादियां और गरमा-गरम ‘कहवा’ की याद आती है। लेकिन कश्मीर में एक और ऐसी चाय है जो अपने अनोखे स्वाद और गुलाबी रंग के लिए पूरी दुनिया में मशहूर है— इसे कहते हैं ‘नून चाय’।
दिखने में खूबसूरत और स्वाद में थोड़ी नमकीन यह चाय सर्दियों के मौसम में शरीर को अंदर से गर्म रखती है और इम्यूनिटी बढ़ाती है। आइए जानते हैं कि आखिर ये चाय कैसे बनती है और इसे डाइट में शामिल करने के क्या फायदे हैं।
आखिर ‘नून चाय’ क्या है?
कश्मीर में नमक को ‘नून’ कहा जाता है, इसीलिए इसे नून चाय कहते हैं। इसे बनाने के लिए खास कश्मीरी ग्रीन टी की पत्तियों, दूध, नमक और चुटकी भर सोडे का इस्तेमाल किया जाता है। सोडा डालने की वजह से इसका रंग हल्का गुलाबी (Pink) हो जाता है, जो इसे बेहद आकर्षक बनाता है।
नून चाय पीने के शानदार फायदे
अगर आप इसे नियमित और सही मात्रा में पीते हैं, तो शरीर में ये बदलाव दिख सकते हैं:
- पाचन रहता है दुरुस्त: नून चाय में सोडा और कई तरह के मसाले होते हैं, जो खाने को पचाने में मदद करते हैं। यह पेट फूलने (Bloating) की समस्या को भी कम करती है।
- तनाव (Stress) से राहत: इसमें मौजूद एल-थियानिन और मसालों की खुशबू मानसिक तनाव को कम करने और मूड को बेहतर बनाने में मदद करती है।
- वजन घटाने में मददगार: यह चाय मेटाबॉलिज्म को तेज करती है, जिससे भूख कम लगती है और वजन कंट्रोल करने में आसानी होती है।
- चमकदार त्वचा: एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर होने के कारण यह स्किन को अंदर से साफ करती है और उसे सूरज की यूवी किरणों से बचाने में मदद करती है।
एक्सपर्ट की क्या है राय?
सर गंगाराम हॉस्पिटल की सीनियर डायटीशियन फारेहा शानम के मुताबिक, नून चाय फायदेमंद तो है, लेकिन इसमें मौजूद सोडा एक एसिडिक कंटेंट है। अगर आप दिन भर में बहुत ज्यादा नून चाय पीते हैं, तो इससे गैस, कब्ज या सीने में जलन जैसी समस्याएं हो सकती हैं। इसलिए इसे संतुलित मात्रा में ही पीना चाहिए।
घर पर कैसे बनाएं कश्मीरी नून चाय?
इसे बनाना बहुत आसान है:
- एक पैन में पानी लें और उसमें कश्मीरी चाय की पत्तियां डालकर धीमी आंच पर उबालें।
- जब पानी आधा रह जाए, तो इसमें चुटकी भर सोडा डालें।
- अब ऊपर से दूध मिलाएं। जैसे ही आप दूध डालेंगे, चाय का रंग गुलाबी होने लगेगा।
- स्वाद के अनुसार नमक डालें और खुशबू के लिए इलायची या अदरक भी मिला सकते हैं। (ध्यान रहे: दूध डालने के बाद इसे ज्यादा न उबालें, वरना चाय फट सकती है।)
कश्मीरी नून चाय सिर्फ एक ड्रिंक नहीं, बल्कि सेहत का खजाना है। सर्दियों के इस मौसम में आप भी इस गुलाबी चाय का मजा ले सकते हैं और अपनी इम्यूनिटी बढ़ा सकते हैं।

