The Loktantra / Automobile News : गर्मियों के बीच अगर आप नई कार खरीदने की योजना बना रहे हैं और बजट सीमित है, तो कार लोन के जरिए EMI पर गाड़ी लेना एक आम विकल्प बन जाता है। खास तौर पर Tata Motors की अपकमिंग SUV Tata Sierra को लेकर बाजार में काफी उत्साह देखा जा रहा है। हालांकि, सीमित आय वाले ग्राहकों के लिए सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या ₹50,000 मासिक सैलरी में इस SUV को आराम से फाइनेंस कराया जा सकता है या नहीं।
एक्स-शोरूम कीमत करीब ₹11.49 लाख से शुरू
जानकारी के अनुसार, Tata Sierra की शुरुआती एक्स-शोरूम कीमत करीब ₹11.49 लाख से शुरू होकर टॉप वेरिएंट में ₹17.99 लाख तक जाती है। दिल्ली में इसके बेस मॉडल का ऑन-रोड प्राइस लगभग ₹13.30 लाख के आसपास माना जा रहा है। यदि कोई ग्राहक ₹2 लाख का डाउन पेमेंट करता है, तो उसे करीब ₹11.30 लाख का लोन लेना होगा।
ऐसे में 5 साल के लिए 8.5 से 10 प्रतिशत ब्याज दर पर मासिक EMI लगभग ₹23,000 से ₹24,500 के बीच बनती है। वहीं, अगर लोन अवधि 3 साल रखी जाए तो EMI करीब ₹35,000 तक पहुंच सकती है, जबकि 7 साल के लोन पर यह घटकर लगभग ₹17,000 से ₹18,000 रह जाती है।
50,000 सैलरी वालों को EMI का बोझ लेना सही या नहीं?
वहीं, अगर ग्राहक Tata Sierra के मिड या टॉप वेरिएंट की ओर बढ़ता है, जिनकी ऑन-रोड कीमत ₹15 लाख से ₹20 लाख के बीच हो सकती है, तो EMI का बोझ और बढ़ जाता है। ऐसे वेरिएंट्स के लिए मासिक किस्त ₹30,000 से ₹38,000 तक पहुंच सकती है, जो मध्यम आय वर्ग के लिए चुनौतीपूर्ण हो सकता है।
फाइनेंशियल एक्सपर्ट्स के मुताबिक, किसी भी व्यक्ति की EMI उसकी मासिक इन-हैंड सैलरी के 20 प्रतिशत से अधिक नहीं होनी चाहिए। इस हिसाब से ₹50,000 की सैलरी वाले व्यक्ति के लिए आदर्श EMI करीब ₹10,000 होनी चाहिए। लेकिन Tata Sierra के मामले में न्यूनतम EMI ही इससे काफी ज्यादा है। ऐसे में यह खरीदारी आर्थिक दबाव बढ़ा सकती है, खासकर तब जब पहले से कोई अन्य लोन या खर्च मौजूद हो।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि ग्राहक इस SUV को खरीदना चाहता है, तो उसे अधिक डाउन पेमेंट करना चाहिए या फिर सस्ती कार विकल्पों पर विचार करना चाहिए। बिना उचित वित्तीय योजना के महंगी कार खरीदना भविष्य में बजट को असंतुलित कर सकता है।

