द लोकतंत्र/ बालोद : छत्तीसगढ़ के अहिवारा से भाजपा विधायक डोमनलाल कोर्सेवाड़ा (Domalal Korsewada) का उनके पैतृक गांव भेंडरा में पूरे राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने उन्हें श्रद्धांजलि दी और अंतिम यात्रा में शामिल होकर पार्थिव शरीर को कंधा भी दिया।
छत्तीसगढ़ के वरिष्ठ भाजपा विधायक डोमनलाल कोर्सेवाड़ा का अंतिम संस्कार उनके पैतृक गांव भेंडरा में किया गया। 78 वर्षीय कोर्सेवाड़ा का निधन हैदराबाद के एक अस्पताल में इलाज के दौरान हुआ था। उनके निधन की खबर से भाजपा कार्यकर्ताओं और समर्थकों में शोक की लहर है। उन्हें अंतिम विदाई देने के लिए बड़ी संख्या में लोग पहुंचे। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय भी विशेष रूप से अंतिम संस्कार में शामिल हुए। उन्होंने दिवंगत विधायक के पार्थिव शरीर पर पुष्पचक्र अर्पित कर श्रद्धांजलि दी और शोक में डूबे परिवार के सदस्यों से मुलाकात कर उन्हें सांत्वना दी। मुख्यमंत्री ने अंतिम यात्रा में पार्थिव शरीर को कंधा देकर उन्हें विदाई दी।
कई मंत्री, सांसद और जनप्रतिनिधि हुए शामिल
डोमनलाल कोर्सेवाड़ा की अंतिम यात्रा में राज्य सरकार और भाजपा संगठन के कई बड़े नेता मौजूद रहे। कैबिनेट मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल, दयाल दास बघेल और गुरु खुशवंत साहेब ने उन्हें श्रद्धांजलि दी। शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव, सांसद विजय बघेल और सांसद भोजराज नाग भी अंतिम विदाई देने पहुंचे।
इसके अलावा विधायक ललित चंद्राकर, पूर्व मंत्री प्रेम प्रकाश पांडेय, श्रम कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष राकेश पांडेय और पूर्व विधायक लाभचंद बाफना सहित कई जनप्रतिनिधि और प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे। हजारों की संख्या में समर्थकों ने भी अपने प्रिय नेता को अंतिम विदाई दी। अंतिम संस्कार से पहले उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। इसके बाद पूरे राजकीय सम्मान के साथ भेंडरा में अंतिम संस्कार की प्रक्रिया पूरी की गई।
‘गुरुजी’ के नाम से लोगों के बीच थे लोकप्रिय
डोमनलाल कोर्सेवाड़ा का जन्म 12 अगस्त 1948 को हुआ था। उन्होंने राजनीति विज्ञान में एमए और बीएड की पढ़ाई की थी। पढ़ाई पूरी करने के बाद उन्होंने शासकीय सेवा में काम किया। बाद में उन्होंने राजनीति में कदम रखा और धीरे-धीरे क्षेत्र की राजनीति में अपनी पहचान बनाई।
कार्यकर्ताओं और आम लोगों के बीच वे ‘गुरुजी’ के नाम से जाने जाते थे। उनका व्यवहार और जनता के बीच उनकी सक्रियता उन्हें क्षेत्र में लोकप्रिय बनाती थी। उनके निधन को अहिवारा क्षेत्र के लिए बड़ी क्षति माना जा रहा है।
दो बार अहिवारा से बने विधायक
डोमनलाल कोर्सेवाड़ा ने साल 2008 में पहली बार अहिवारा विधानसभा सीट से चुनाव जीतकर विधानसभा में कदम रखा था। इसके बाद साल 2023 के विधानसभा चुनाव में उन्होंने एक बार फिर जीत दर्ज की। इस चुनाव में उन्होंने 25,263 वोटों के बड़े अंतर से अपने प्रतिद्वंद्वी को हराया था।
वे छत्तीसगढ़ सरकार में अनुसूचित जाति विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष भी थे और उन्हें कैबिनेट मंत्री का दर्जा प्राप्त था। लंबे समय तक सार्वजनिक जीवन और राजनीति में सक्रिय रहे कोर्सेवाड़ा के निधन से भाजपा ने अपना एक वरिष्ठ नेता खो दिया है। उनके अंतिम संस्कार में उमड़ी भीड़ ने उनके प्रति लोगों के सम्मान और जुड़ाव को भी दिखाया।



