द लोकतंत्र : दिवाली का त्योहार सिर्फ सेलिब्रेशन का नाम नहीं है, बल्कि यह हमारी संस्कृति और परंपराओं का भी प्रतीक है। पूरे पांच दिनों तक चलने वाले इस पर्व में हर दिन का महत्व अलग होता है। धनतेरस से लेकर भाई दूज तक मार्केट्स में खरीदारी की रौनक देखने को मिलती है। घर की तैयारियों में खाने-पीने की सामग्री, नए बर्तन और मिठाइयों के साथ-साथ जिमीकंद भी शामिल होता है। खासकर उत्तर प्रदेश में यह परंपरा है कि लक्ष्मी पूजन वाले दिन सुबह जिमीकंद खरीदा जाता है और शाम को इसे बनाकर खाया जाता है।
इस दिवाली 2025 में लक्ष्मी पूजन 20 अक्टूबर को है और इस दिन घरों में भोग लगाने के लिए मीठे खिलौने, खील-बताशे के साथ-साथ जिमीकंद की सब्जी भी बनाई जाएगी। यह सब्जी स्वाद में लाजवाब होने के साथ ही पोषक तत्वों से भी भरपूर होती है।
जिमीकंद की सब्जी बनाने के लिए इनग्रेडिएंट्स:
जिमीकंद – 200 ग्राम
टमाटर – 2
हरी मिर्च – 2-3
राई – आधा चम्मच
हल्दी पाउडर – आधा चम्मच
लाल मिर्च पाउडर – आधा चम्मच
धनिया पाउडर – आधा चम्मच
गरम मसाला – ¼ चम्मच
हरा धनिया – सजावट के लिए
तेल – छौंक के लिए
नमक – स्वादानुसार
तैयारी का तरीका:
सबसे पहले जिमीकंद को छीलकर अच्छे से धो लें और मध्यम आकार के टुकड़ों में काट लें। इसे हल्का गलने तक उबाल लें, ताकि ओवरकुक न हो। टमाटर को उबालकर उसकी प्यूरी बना लें।
सब्जी बनाने का तरीका:
कढ़ाही में तेल गर्म करें और उबले हुए जिमीकंद को गोल्डन ब्राउन करें। इससे ऊपर क्रिस्पी लेयर बनेगी और सब्जी चिपचिपी नहीं होगी। तेल में राई डालकर चटखाएं और कटी हरी मिर्च डालें। टमाटर की प्यूरी डालें, साथ ही हल्दी, लाल मिर्च, धनिया पाउडर, नमक और गरम मसाला डालकर मसालों को भूनें। अब फ्राई किए हुए जिमीकंद डालें और ढककर मध्यम आंच पर पकने दें। बीच-बीच में चेक करते रहें। जब सब्जी पूरी तरह तैयार हो जाए तो हरा धनिया डालकर गैस बंद करें।
इस तरह आप बिना लहसुन-प्याज के स्वादिष्ट और पोषक जिमीकंद की सब्जी दिवाली पर बना सकते हैं। यह सब्जी न केवल स्वादिष्ट होती है, बल्कि पौष्टिक तत्वों से भी भरपूर होती है।

