द लोकतंत्र/ लखनऊ : उत्तर प्रदेश के अयोध्या में आयोजित दीपोत्सव कार्यक्रम में प्रदेश के दोनों उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य और ब्रजेश पाठक की अनुपस्थिति ने सियासी चर्चाओं को हवा दे दी है। दीपोत्सव के विज्ञापन में दोनों डिप्टी सीएम की फोटो नहीं छपी थी, जिसे लेकर समाजवादी पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव ने चुटकी ली और सरकार पर तंज कसा।
अखिलेश यादव ने कहा कि जिनको विज्ञापन में जगह तक नहीं मिली, उनकी क्या अहमियत बची है सरकार में। उन्होंने जनता की तरफ से सवाल उठाते हुए कहा कि यूपी की बीजेपी सरकार में ‘उप मुख्यमंत्री’ के दोनों पद समाप्त कर दिए गए हैं क्या।
भाजपा में डबल इंजन ही नहीं, इंजन से डबल डिब्बे भी टकरा रहे
सपा प्रमुख ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (X) पर लिखा, विज्ञापन में कनिष्ठ मंत्रियों के नाम तो दिख रहे हैं लेकिन डिप्टी सीएम साहब लोगों के नहीं। कहीं यहां भी ‘हाता नहीं भाता’ या ‘प्रभुत्ववादी सोच’ हावी तो नहीं हो गई। एक तरफ़ डबल इंजन की लड़ाई में कोई एक ऐतिहासिक कार्यक्रम में किसी को साइड में बैठाकर अपमान कर देता है, तो अब वही लोग विज्ञापन में उन्हें साइड में खड़ा दिखाकर हिसाब बराबर कर रहे हैं।
अखिलेश यादव ने आगे कहा, भाजपा में डबल इंजन ही नहीं, इंजन से डबल डिब्बे भी टकरा रहे हैं। भाजपा सरकार ने अयोध्या के पीडीए सांसद को दीपोत्सव में न बुलाकर पीडीए समाज को आहत किया है। अबकी बार, डिप्टी सीएम बाहर।
दोनों डिप्टी सीएम ने विज्ञापन में तस्वीर न होने से कार्यक्रम से दूरी बनाई
सूत्रों के अनुसार, अयोध्या में दीपोत्सव कार्यक्रम में दोनों उप मुख्यमंत्री के अनापत्ति पत्र की अनुपस्थिति का कारण विज्ञापन में उनकी तस्वीर का न होना बताया जा रहा है। पीएम मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की फोटो शामिल होने के बावजूद दोनों डिप्टी सीएम की तस्वीर छपना छोड़ दी गई। यही वजह रही कि केशव प्रसाद मौर्य और ब्रजेश पाठक ने अयोध्या दौरे को रद्द कर दिया।
इस मामले ने प्रदेश सरकार के भीतर सियासी तनातनी और डिप्टी सीएम की भूमिका को लेकर नई बहस छेड़ दी है। राजनीतिक विश्लेषक इसे बीजेपी के भीतर सत्तासंतुलन और वर्चस्व की लड़ाई का संकेत मान रहे हैं।

