Advertisement Carousel
Spiritual

Vastu Tips: घर में किस दिशा में रखें कूड़ेदान? गलत जगह रखा डस्टबिन छीन सकता है सुख-चैन, जानें नियम

The loktnatra

द लोकतंत्र : घर की सफाई करते समय हम अक्सर कूड़ेदान (डस्टबिन) को सबसे कम महत्व देते हैं। हम इसे बस किसी भी कोने में रख देते हैं जहाँ यह हमारी आँखों से ओझल रहे। लेकिन क्या आप जानते हैं कि घर का कचरा और उसे रखने का स्थान आपके जीवन में नकारात्मक ऊर्जा का सबसे बड़ा कारण बन सकता है?

वास्तु शास्त्र के अनुसार, कूड़ेदान केवल गंदगी फेंकने का डिब्बा नहीं है, बल्कि यह विसर्जन (Disposal) की ऊर्जा का प्रतीक है। अगर इसे गलत दिशा में रखा जाए, तो यह घर की खुशहाली और आपकी तरक्की में रुकावट बन सकता है। आइए जानते हैं डस्टबिन से जुड़े कुछ जरूरी वास्तु नियम।

इन दिशाओं में भूलकर भी न रखें कूड़ेदान

वास्तु के मुताबिक, कुछ दिशाएं ऊर्जा के लिहाज से बहुत पवित्र मानी जाती हैं:

  • उत्तर-पूर्व (ईशान कोण): इस दिशा में कूड़ेदान कभी नहीं रखना चाहिए। यहाँ डस्टबिन रखने से मानसिक तनाव बढ़ता है और स्वास्थ्य संबंधी परेशानियां घेर लेती हैं।
  • पूर्व दिशा: यदि आप डस्टबिन को घर के पूर्वी हिस्से में रखते हैं, तो आपको समाज में अकेलापन महसूस हो सकता है। यह आपकी तरक्की के रास्तों को भी बंद कर सकता है।
  • दक्षिण-पश्चिम: रिश्तों में दूरियां बढ़ रही हों, तो चेक करें कि कहीं आपका कूड़ेदान दक्षिण-पश्चिम क्षेत्र में तो नहीं है। यहाँ डस्टबिन रखने से परिवार और सहकर्मियों के साथ संबंध बिगड़ सकते हैं।

कूड़ेदान रखने की सही दिशा कौन सी है?

वास्तु शास्त्र के अनुसार, कूड़ेदान को ऐसी जगहों पर होना चाहिए जो विसर्जन के लिए बनी हों। इसके लिए सबसे सही दिशाएं हैं:

  1. दक्षिण-पश्चिम (South-West) और दक्षिण-पूर्व (South-East) के बीच का मध्य भाग।
  2. उत्तर-पश्चिम (North-West) का पश्चिमी हिस्सा।

डस्टबिन के रंग और रखरखाव का रखें ध्यान

सिर्फ दिशा ही नहीं, बल्कि डस्टबिन का रंग और उसकी स्थिति भी मायने रखती है:

  • हल्के रंग: घर के लिए हमेशा हल्के रंगों वाले कूड़ेदान का चुनाव करें।
  • ढक्कन है जरूरी: हमेशा ढक्कन वाले डस्टबिन का ही इस्तेमाल करें और उसे ढककर रखें। खुला हुआ कूड़ा नकारात्मक ऊर्जा को पूरे घर में फैलाता है।
  • टूटा हुआ डस्टबिन: अगर डस्टबिन टूट जाए, तो उसे तुरंत बदल दें। टूटा हुआ कूड़ेदान घर में दरिद्रता लाता है।

इन जगहों से रहें सावधान

  • मुख्य द्वार: घर के प्रवेश द्वार पर कभी कूड़ेदान न रखें। यह घर में आने वाली सकारात्मक ऊर्जा को रोकता है।
  • पूजा घर और बेडरूम: मंदिर के पास या बेडरूम में डस्टबिन रखना वास्तु के सख्त खिलाफ है। यह नींद में बाधा और अशांति पैदा करता है।

घर की रोजाना साफ-सफाई के साथ-साथ डस्टबिन की स्थिति पर ध्यान देना बेहद जरूरी है। अगर आप वास्तु के इन नियमों का पालन करते हैं, तो आपके घर में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होगा और सुख-समृद्धि बनी रहेगी।

Uma Pathak

Uma Pathak

About Author

उमा पाठक ने महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ से मास कम्युनिकेशन में स्नातक और बीएचयू से हिन्दी पत्रकारिता में परास्नातक किया है। पाँच वर्षों से अधिक का अनुभव रखने वाली उमा ने कई प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में अपनी सेवाएँ दी हैं। उमा पत्रकारिता में गहराई और निष्पक्षता के लिए जानी जाती हैं।

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may also like

साधना के चार महीने
Spiritual

Chaturmas 2025: चार महीने की साधना, संयम और सात्विक जीवन का शुभ आरंभ

द लोकतंत्र: चातुर्मास 2025 की शुरुआत 6 जुलाई से हो चुकी है, और यह 1 नवंबर 2025 तक चलेगा। यह चार
SUN SET
Spiritual

संध्याकाल में न करें इन चीजों का लेन-देन, वरना लौट सकती हैं मां लक्ष्मी

द लोकतंत्र : हिंदू धर्म में संध्याकाल यानी शाम का समय देवी लक्ष्मी को समर्पित माना जाता है। यह वक्त