द लोकतंत्र/ नई दिल्ली : आम आदमी पार्टी (AAP) के वरिष्ठ नेता और दिल्ली के पूर्व मंत्री Satyendar Jain को एंटी करप्शन ब्रांच (ACB) ने मंगलवार, 18 अगस्त 2026 को गिरफ्तार कर लिया। यह कार्रवाई दिल्ली जल बोर्ड (DJB) से जुड़े कथित भ्रष्टाचार मामले में की गई है। अधिकारियों के मुताबिक मामले में दिल्ली जल बोर्ड की सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट परियोजनाओं की टेंडर प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं और गड़बड़ी की जांच की जा रही है। सत्येंद्र जैन के साथ पांच अन्य लोगों को भी गिरफ्तार किए जाने की जानकारी सामने आई है।
सत्येंद्र जैन की गिरफ्तारी के बाद आम आदमी पार्टी ने केंद्र और बीजेपी पर राजनीतिक बदले की कार्रवाई का आरोप लगाया है। AAP के राष्ट्रीय संयोजक और दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने जैन की गिरफ्तारी पर तीखी प्रतिक्रिया दी और इसे बीजेपी के इशारे पर की गई कार्रवाई बताया। हालांकि, मामले में लगाए गए आरोपों की अंतिम पुष्टि जांच और न्यायिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही होगी।
Satyendar Jain की गिरफ्तारी पर भड़के केजरीवाल, बोले- ‘पिछला केस भी फर्जी था’
सत्येंद्र जैन की गिरफ्तारी के बाद अरविंद केजरीवाल ने कहा कि बीजेपी ने उन्हें एक बार फिर गिरफ्तार करवाया है। उन्होंने दावा किया कि पहले जिस मामले में जैन को जेल भेजा गया था, वह भी फर्जी था और मौजूदा मामला भी आगे चलकर फर्जी साबित होगा। केजरीवाल ने जैन के पिछले जेल प्रवास का जिक्र करते हुए कहा कि उस दौरान उन्हें मानसिक प्रताड़ना से गुजरना पड़ा था।
केजरीवाल ने आरोप लगाया कि बीजेपी विरोधी नेताओं को झूठे मामलों में जेल भेजने का काम कर रही है। उन्होंने सवाल उठाया कि अगर किसी व्यक्ति को लंबे समय तक जेल में रहना पड़े और बाद में आरोप गलत साबित हों, तो उस दौरान हुई मानसिक प्रताड़ना की भरपाई कौन करेगा। उन्होंने कहा कि आम आदमी पार्टी पूरी मजबूती से सत्येंद्र जैन के साथ खड़ी है और पार्टी इस कार्रवाई के खिलाफ आवाज उठाती रहेगी।
दिल्ली जल बोर्ड मामले में ACB की कार्रवाई, टेंडर प्रक्रिया की जांच
ACB की कार्रवाई दिल्ली जल बोर्ड की सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट परियोजनाओं से जुड़ी कथित अनियमितताओं की जांच के बीच हुई है। रिपोर्टों के अनुसार, जांच में टेंडर की शर्तों में कथित हेरफेर, एक कंपनी को फायदा पहुंचाने और परियोजनाओं से जुड़े वित्तीय लेन-देन की जांच की जा रही है। मामले में पूर्व DJB CEO उदित प्रकाश राय समेत अन्य लोगों की गिरफ्तारी भी हुई है।
यह मामला राजनीतिक रूप से भी महत्वपूर्ण है, क्योंकि सत्येंद्र जैन पहले दिल्ली की अरविंद केजरीवाल सरकार में मंत्री रह चुके हैं। उनकी गिरफ्तारी के बाद AAP और बीजेपी के बीच राजनीतिक टकराव एक बार फिर तेज होने के आसार हैं। फिलहाल जांच एजेंसी मामले में गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर रही है। ACB की जांच में सामने आने वाले तथ्यों, दस्तावेजों और कथित वित्तीय लेन-देन के आधार पर आगे की कार्रवाई तय होगी। वहीं, सत्येंद्र जैन के खिलाफ लगाए गए आरोपों पर अंतिम फैसला न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही होगा।



