द लोकतंत्र/ नई दिल्ली : भारतीय महिला पहलवान विनेश फोगट ने रविवार (3 मई 2026) को एक अहम बयान देकर कुश्ती जगत में फिर हलचल पैदा कर दी। उन्होंने खुलासा किया कि वे भी उन छह महिला पहलवानों में शामिल थीं, जिन्होंने पूर्व भारतीय कुश्ती महासंघ (WFI) अध्यक्ष बृज भूषण शरण सिंह पर यौन उत्पीड़न के आरोप लगाए थे। अब तक इस मामले में उनकी भूमिका को लेकर स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आई थी, लेकिन उनके इस बयान के बाद विवाद एक बार फिर चर्चा में आ गया है।
रिपोर्ट्स के अनुसार, विनेश ने यह बात ऐसे समय पर सार्वजनिक की है जब WFI ने उत्तर प्रदेश के गोंडा में नेशनल ओपन रैंकिंग टूर्नामेंट आयोजित करने का फैसला किया है। यह आयोजन 10 से 12 मई तक होना प्रस्तावित है और इसे एशियन गेम्स चयन ट्रायल के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। विनेश का कहना है कि जिस क्षेत्र से आरोपी का सीधा संबंध रहा हो, वहां जाकर मुकाबला करना उनके लिए मानसिक रूप से बेहद कठिन होगा।
सब-हेडिंग: गोंडा टूर्नामेंट को लेकर चिंता, निष्पक्षता पर सवाल
विनेश फोगट ने गोंडा में प्रस्तावित टूर्नामेंट को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे माहौल में निष्पक्ष मुकाबले की उम्मीद करना मुश्किल है। उनके मुताबिक, रेफरी के चयन से लेकर अंक देने की प्रक्रिया तक, सब कुछ प्रभावित हो सकता है। उन्होंने यह भी आशंका जताई कि प्रतियोगिता के दौरान खिलाड़ियों की सुरक्षा और निष्पक्षता पर सवाल उठ सकते हैं।
सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो में विनेश ने कहा कि खिलाड़ियों के समर्थन में कोई भी मजबूती से सामने नहीं आ रहा है और ऐसा लगता है कि आरोपी को पूरी छूट मिल गई है। उन्होंने सरकार पर भी निशाना साधते हुए कहा कि यदि प्रतियोगिता के दौरान उनके या उनकी टीम के साथ कोई भी अप्रिय घटना होती है, तो इसकी जिम्मेदारी सरकार की होगी।
सब-हेडिंग: WFI अध्यक्ष की सफाई, सुरक्षा का दिया आश्वासन
विनेश के आरोपों पर प्रतिक्रिया देते हुए WFI अध्यक्ष संजय सिंह ने इन दावों को खारिज किया है। उन्होंने कहा कि गोंडा में होने वाले टूर्नामेंट के लिए सभी जरूरी सुरक्षा इंतजाम किए जाएंगे और खिलाड़ियों की सुरक्षा की व्यक्तिगत गारंटी भी दी। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि रेफरी अधिकृत पैनल से होंगे और चयन प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी और निष्पक्ष है।
संजय सिंह ने यह भी कहा कि इस मुद्दे को राजनीतिक रंग नहीं दिया जाना चाहिए, क्योंकि मामला पहले से ही अदालत में विचाराधीन है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि न तो बृज भूषण और न ही किसी अन्य बाहरी व्यक्ति का रेफरी चयन या मैच के परिणामों पर कोई प्रभाव होगा। गौरतलब है कि साल 2023 में कई महिला पहलवानों ने बृज भूषण शरण सिंह पर यौन उत्पीड़न के आरोप लगाए थे, जिसके बाद देशभर में बड़ा विरोध प्रदर्शन हुआ था। उस दौरान बजरंग पुनिया और साक्षी मलिक जैसे बड़े नाम भी आंदोलन में शामिल हुए थे।
करीब 20 महीने बाद मैट पर वापसी की तैयारी कर रहीं विनेश फोगट इस टूर्नामेंट में भाग लेकर अपने करियर को फिर से पटरी पर लाना चाहती हैं। हालांकि, उन्होंने साफ कहा कि वे देश के लिए मेडल जीतना चाहती हैं, लेकिन इसके लिए उन्हें एक सुरक्षित और निष्पक्ष माहौल की जरूरत है।

