द लोकतंत्र/ बिहार : केंद्रीय मंत्री Jitan Ram Manjhi पर गया में हुए हमले ने बिहार की राजनीति में हलचल बढ़ा दी है। कार्यक्रम के दौरान उन पर पत्थर फेंका गया। हालांकि केंद्रीय मंत्री इस घटना में बाल-बाल बच गए। यह घटना शुक्रवार शाम Gaya जिले के खिजरसराय प्रखंड में हुई। बताया जा रहा है कि सीसवर स्थित संत थॉमस इंग्लिश स्कूल में एक कार्यक्रम आयोजित किया गया था। इसी कार्यक्रम में शामिल होने के लिए जीतन राम मांझी पहुंचे थे। कार्यक्रम में स्थानीय लोगों और समर्थकों की बड़ी भीड़ मौजूद थी।
बाहर से फेंका गया पत्थर, Jitan Ram Manjhi बाल बाल बचे
जानकारी के मुताबिक, स्कूल प्रबंधन ने पहले केंद्रीय मंत्री का सम्मान किया। इसके बाद वह मंच से लोगों को संबोधित करने पहुंचे। तभी कार्यक्रम स्थल के बाहर से अचानक पत्थर फेंका गया। हालांकि पत्थर सीधे मांझी को नहीं लगा। वहीं उनके पीछे खड़े अंगरक्षक को चोट आई। घटना के बाद कार्यक्रम स्थल पर अफरा-तफरी मच गई। हालांकि वहां मौजूद पुलिसकर्मियों ने तुरंत हालात संभाल लिए। खिजरसराय थाने की पुलिस ने मौके से दो युवकों को हिरासत में लिया। फिलहाल दोनों से पूछताछ की जा रही है।
दरअसल, पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि हमला सुनियोजित था या नहीं। वहीं इस घटना के पीछे किसी राजनीतिक साजिश की भी जांच की जा रही है। खबर लिखे जाने तक पुलिस या केंद्रीय मंत्री की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया था। इस घटना ने इसलिए भी ज्यादा चर्चा बटोरी है क्योंकि कुछ दिन पहले मांझी परिवार पर एक और हमला हुआ था। दरअसल, 17 मई को बाराचट्टी विधायक Jyoti Manjhi के काफिले पर हमला हुआ था। वह एक कार्यक्रम में शामिल होने जा रही थीं। इसी दौरान मोहनपुर प्रखंड में उनके काफिले को निशाना बनाया गया था।
घटना के बाद सुरक्षा व्यवस्था को लेकर उठे सवाल
उस मामले में पुलिस ने कई लोगों को गिरफ्तार किया था। वहीं घटना के बाद सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल उठे थे। अब केंद्रीय मंत्री पर हुए हमले ने इन चिंताओं को और बढ़ा दिया है। इसके अलावा हाल ही में जीतन राम मांझी को सोशल मीडिया पर धमकी भी मिली थी। एक युवक ने वीडियो जारी कर उन्हें चेतावनी दी थी। वीडियो में कहा गया था कि पहले समधन पर हमला हुआ और आगे भी हमला हो सकता है। हालांकि पुलिस ने उस युवक को गिरफ्तार कर लिया था।
वहीं अब ताजा घटना के बाद राजनीतिक गलियारों में नई चर्चा शुरू हो गई है। Hindustani Awam Morcha के नेताओं और समर्थकों में नाराजगी देखी जा रही है। कई लोग इसे सुरक्षा में बड़ी चूक मान रहे हैं। हालांकि पुलिस का कहना है कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। वहीं कार्यक्रम स्थल के आसपास लगे कैमरों की फुटेज भी खंगाली जा रही है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि पत्थर फेंकने वाले युवकों के पीछे कोई और लोग तो नहीं थे। बिहार में हाल के दिनों में नेताओं की सुरक्षा को लेकर लगातार सवाल उठ रहे हैं। ऐसे में जीतन राम मांझी पर हुए हमले से राज्य की कानून व्यवस्था पर भी नई बहस छेड़ सकती है।

