द लोकतंत्र / टेक न्यूज़ : दिल्ली में AI-based Traffic Audit के जरिए दक्षिण दिल्ली की 420 किलोमीटर से ज्यादा लंबी सड़कों की ट्रैफिक और रोड सेफ्टी की स्थिति का अध्ययन किया जाएगा। लोक निर्माण विभाग (PWD) ने इसके लिए 270 सड़कों को अध्ययन में शामिल करने की योजना बनाई है। इस ऑडिट के जरिए सड़कों पर ट्रैफिक की स्थिति, वाहनों की आवाजाही और सड़क सुरक्षा से जुड़े पहलुओं को तकनीक की मदद से समझा जाएगा।
270 सड़कों पर होगा ट्रैफिक और सेफ्टी ऑडिट
PWD के प्रस्तावित अध्ययन में दक्षिण दिल्ली की 270 सड़कें शामिल होंगी, जिनकी कुल लंबाई 420 किलोमीटर से अधिक है। इसमें दिल्ली के कई प्रमुख सड़क मार्ग भी शामिल हैं। अध्ययन के दायरे में Outer Ring Road, Ring Road, Mehrauli-Badarpur Road, Lala Lajpat Rai Marg, Hansraj Gupta Marg, Sri Aurobindo Marg और Maharaja Agrasen Marg शामिल हैं। AI और आधुनिक तकनीक की मदद से इन सड़कों पर वाहनों की आवाजाही, ट्रैफिक पैटर्न और सड़क सुरक्षा से जुड़ी जानकारी का विश्लेषण किया जाएगा।
इस प्रक्रिया के जरिए सड़क नेटवर्क से जुड़े डेटा को व्यवस्थित तरीके से जुटाने और उसका अध्ययन करने की योजना है। इससे अलग-अलग सड़कों पर यातायात की स्थिति और सुरक्षा से संबंधित पहलुओं को समझने में मदद मिलेगी।
₹3.5 करोड़ में नियुक्त होगा Consultant
इस अध्ययन के लिए PWD एक Consultant नियुक्त करने की योजना बना रहा है। Consultant की नियुक्ति पर अनुमानित ₹3.5 करोड़ खर्च होने की बात कही गई है। Consultant की जिम्मेदारी केवल अध्ययन तक सीमित नहीं होगी। वह अध्ययन के आधार पर एक Detailed Project Report (DPR) भी तैयार करेगा। इस रिपोर्ट में सड़कों और यातायात व्यवस्था से जुड़े जरूरी कदमों की जानकारी दी जाएगी।
DPR के जरिए यह बताया जाएगा कि अध्ययन में सामने आने वाली स्थितियों के आधार पर किन उपायों की जरूरत है। PWD इस रिपोर्ट और अध्ययन से मिलने वाले डेटा का इस्तेमाल आगे सड़क और ट्रैफिक से संबंधित योजनाओं को तैयार करने में कर सकता है।
इस तरह प्रस्तावित अध्ययन में दक्षिण दिल्ली की 270 सड़कों और 420 किलोमीटर से ज्यादा सड़क नेटवर्क को शामिल किया जाएगा, जबकि AI आधारित तकनीक और विशेषज्ञ Consultant के जरिए ट्रैफिक और रोड सेफ्टी से जुड़ी जानकारी का आकलन किया जाएगा।




