द लोकतंत्र/ नई दिल्ली : दिल्ली पुलिस की Delhi Police Crime Branch को बड़ी सफलता मिली है। क्राइम ब्रांच ने 24 साल से फरार चल रहे उम्रकैद के दोषी को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी पैरोल पर बाहर आने के बाद फरार हो गया था। हालांकि लंबे समय की तलाश के बाद पुलिस ने उसे उत्तर प्रदेश के Prayagraj से पकड़ लिया। पुलिस के मुताबिक आरोपी की पहचान Rakesh Patel उर्फ पप्पी के रूप में हुई है। वह दिल्ली के Jahangirpuri इलाके का रहने वाला है।
Rakesh Patel 1990 में हुई हत्या के मामले में दोषी था
दरअसल, राकेश को 1990 में हुई हत्या के मामले में दोषी ठहराया गया था। पुलिस के अनुसार उसने अपने दो साथियों के साथ पड़ोसी की चाकू मारकर हत्या कर दी थी। मामूली विवाद के बाद इस वारदात को अंजाम दिया गया था। इसके बाद अदालत ने 1995 में उसे उम्रकैद की सजा सुनाई थी।
राकेश को पहली बार 1999 में पैरोल मिली थी। उस समय वह वापस जेल लौट आया था। हालांकि दूसरी बार 2002 में पैरोल मिलने के बाद वह फरार हो गया। उसे अपने दूसरे बच्चे के जन्म के कारण पैरोल दी गई थी। 3 जून 2002 को वह जेल से बाहर आया था और 24 जून को वापस लौटना था, लेकिन उसने सरेंडर नहीं किया।
दिल्ली क्राइम ब्रांच ने ऐसे पकड़ा आरोपी Rakesh Patel को
हाल ही में दिल्ली क्राइम ब्रांच ने पुराने पैरोल जम्परों की सूची की समीक्षा शुरू की। इसी दौरान राकेश पटेल का नाम सामने आया। इसके बाद पुलिस ने विशेष टीम बनाई। टीम ने दिल्ली और उत्तर प्रदेश में कई जगह छापेमारी की। वहीं तकनीकी और मैनुअल निगरानी भी शुरू की गई। लंबे समय की जांच के बाद पुलिस को सूचना मिली कि आरोपी प्रयागराज में रह रहा है। बताया गया कि वह नंदलाल वर्मा नाम से पहचान छिपाकर जीवन बिता रहा था।
पुलिस टीम प्रयागराज पहुंची और आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। शुरुआत में उसने खुद को नंदलाल वर्मा बताया। हालांकि पूछताछ और पुराने रिकॉर्ड सामने आने के बाद उसने अपनी असली पहचान कबूल कर ली। पुलिस के मुताबिक फरारी के दौरान आरोपी ने कई ठिकाने बदले। वहीं प्रयागराज में वह ऑटो स्पेयर पार्ट्स की दुकान चलाकर जीवनयापन कर रहा था। फिलहाल आरोपी को पकड़कर Tihar Jail प्रशासन को सौंप दिया गया है। दिल्ली पुलिस का कहना है कि पैरोल जम्परों के खिलाफ आगे भी अभियान जारी रहेगा।

