द लोकतंत्र/ नई दिल्ली : Dhirendra Krishna Shastri ने एक बार फिर Gyanvapi Mosque को लेकर बड़ा बयान देकर राजनीतिक और धार्मिक बहस को तेज कर दिया है। प्रयागराज के अरैल में आयोजित राष्ट्र हनुमंत कथा के दौरान उन्होंने कहा कि एक दिन ज्ञानवापी पर ‘भगवा लहराएगा’ और वहां रुद्राभिषेक भी होगा। उनका यह बयान Shahabuddin Razvi Bareilvi की उस टिप्पणी के जवाब में आया, जिसमें ज्ञानवापी पर भगवा झंडा फहराने की संभावना से इनकार किया गया था।
धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने अपने बयान में कहा कि समय बदलता है और इतिहास भी करवट लेता है। उन्होंने Ram Mandir का उदाहरण देते हुए कहा कि जिस तरह अयोध्या को लेकर पहले अलग दावे किए जाते थे, उसी तरह ज्ञानवापी को लेकर भी भविष्य में बड़ा बदलाव संभव है। उनके इस बयान को लेकर धार्मिक और राजनीतिक हलकों में चर्चाएं तेज हो गई हैं।
इन दिनों Prayagraj में राष्ट्र हनुमंत कथा के लिए पहुंचे धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री 23 अप्रैल तक चलने वाले कार्यक्रम में शामिल हैं। आखिरी दिन उनके दिव्य दरबार का भी आयोजन प्रस्तावित है। माना जा रहा है कि इस मंच से दिए जा रहे उनके बयानों का व्यापक सामाजिक और राजनीतिक असर पड़ सकता है।
लेंसकार्ट विवाद और वैश्विक तनाव पर भी बोले धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री
Dhirendra Krishna Shastri ने इस दौरान Lenskart से जुड़े ड्रेस कोड विवाद पर भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान से जुड़े प्रतीकों को लेकर किसी भी प्रकार का भेदभाव स्वीकार नहीं किया जा सकता। इस मुद्दे पर उन्होंने कड़ा रुख अपनाते हुए संस्थानों को चेतावनी भरे शब्दों में अपनी बात रखी।
इसके अलावा उन्होंने वैश्विक स्तर पर जारी Iran-United States और Israel से जुड़े तनाव पर भी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि दुनिया के किसी भी हिस्से में युद्ध का असर केवल उस क्षेत्र तक सीमित नहीं रहता, बल्कि अन्य देशों पर भी उसका प्रभाव पड़ता है, और भारत भी इससे अछूता नहीं रह सकता।
धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के हालिया बयान एक बार फिर उन्हें राष्ट्रीय विमर्श के केंद्र में ले आए हैं। ज्ञानवापी, सांस्कृतिक पहचान और वैश्विक तनाव जैसे मुद्दों पर उनकी टिप्पणियों ने आने वाले दिनों में बहस को और तेज करने के संकेत दिए हैं।

