द लोकतंत्र/ रायपुर : President Droupadi Murmu दो दिवसीय छत्तीसगढ़ दौरे पर पहुंच गई हैं। अपने दौरे के दौरान वह बस्तर दशहरा समेत कई कार्यक्रमों में शामिल होंगी। दौरे के पहले चरण में राष्ट्रपति ने रायपुर स्थित लोकभवन के छत्तीसगढ़ मंडपम में माता साहिब हासी देवी के सम्मान में 200 रुपये का स्मारक सिक्का जारी किया। इस मौके पर राज्यपाल रमेन डेका और मुख्यमंत्री विष्णु देव साय भी मौजूद रहे।
यह सिक्का माता साहिब हासी देवी की 200वीं जयंती के अवसर पर उनके जीवन, सेवा और आध्यात्मिक योगदान को सम्मान देने के लिए जारी किया गया है। इस मौके को सिंधी समाज के लिए खास बताया गया। इससे देश और विदेश में रहने वाले सिंधी समुदाय के लोगों में खुशी और गर्व का भाव जुड़ा है।
माता साहिब हासी देवी के सम्मान में President Droupadi Murmu जारी हुआ स्मारक सिक्का
माता साहिब हासी देवी सिंधी समाज की सम्मानित आध्यात्मिक हस्तियों में गिनी जाती हैं। उनके जीवन का बड़ा हिस्सा भक्ति, सेवा और शिक्षा को बढ़ावा देने में बीता। उनके सम्मान में जारी किया गया यह स्मारक सिक्का आने वाली पीढ़ियों को उनके योगदान से परिचित कराने का एक प्रयास है।
अधिकारियों के अनुसार, इस सिक्के को श्रद्धालु और सिक्का संग्रह करने वाले लोग शदाणी दरबार की अलग-अलग इकाइयों के माध्यम से बुक करा सकेंगे। यह सिक्का केवल संग्रह की वस्तु नहीं, बल्कि माता साहिब हासी देवी के जीवन और विचारों को याद करने का माध्यम भी है।
सिक्के पर क्या है खास?
जारी की गई जानकारी के मुताबिक, सिक्के के एक तरफ माता साहिब हासी देवी की छवि है, जबकि दूसरी तरफ अशोक स्तंभ का सिंह चिह्न और 200 रुपये का मूल्य अंकित है। इस तरह सिक्के पर उनकी स्मृति और भारत की राष्ट्रीय पहचान, दोनों को जगह दी गई है।
कौन थीं माता साहिब हासी देवी?
माता साहिब हासी देवी का जन्म वर्ष 1826 में सिंध क्षेत्र में हुआ था। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, उनका संबंध रायपुर स्थित शदाणी दरबार से था और वह इसकी पांचवीं पीठाधीश्वर थीं। बताया जाता है कि उन्होंने कम उम्र से ही धार्मिक कार्यों, जनसेवा और शिक्षा के प्रचार में रुचि ली।
उन्होंने हिंदी, संस्कृत और संगीत की शिक्षा को बढ़ावा देने के साथ जरूरतमंद लोगों की मदद के लिए भी काम किया। अन्न भंडार के माध्यम से लोगों को सहायता पहुंचाने का उल्लेख भी मिलता है। उनके जीवन को भक्ति और समाजसेवा से जोड़कर देखा जाता है। 30 अप्रैल 1909 को उनका निधन हुआ था।
छत्तीसगढ़ दौरे पर राष्ट्रपति के कई कार्यक्रम
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के इस दौरे में सांस्कृतिक और सामाजिक कार्यक्रम भी शामिल हैं। जारी जानकारी के अनुसार, वह रायपुर में नुआखाई पर्व से जुड़े ‘सेवा सम्मान पर्व’ और ‘युवा प्रबोधन’ कार्यक्रमों में हिस्सा लेंगी। इसके अलावा, बस्तर में मुरिया दरबार और बस्तर दशहरा के कार्यक्रमों में भी शामिल होने का कार्यक्रम है।
माता साहिब हासी देवी के सम्मान में स्मारक सिक्का जारी करना इस दौरे का एक अहम पड़ाव है। इससे सिंधी समाज की आध्यात्मिक विरासत और समाजसेवा में योगदान को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान देने का संदेश जुड़ा है।



