द लोकतंत्र/ नई दिल्ली : राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली स्थित संविधान क्लब में सोमवार (8 जून, 2026) को आयोजित INDIA गठबंधन की महत्वपूर्ण बैठक लंबी चर्चा और विचार-विमर्श के बाद संपन्न हो गई। कांग्रेस के नेतृत्व वाले इस विपक्षी गठबंधन की बैठक में 24 राजनीतिक दलों के नेताओं ने हिस्सा लिया। बैठक के बाद कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने मीडिया को संबोधित करते हुए बताया कि सभी सहयोगी दल पांच प्रमुख मुद्दों पर एकमत हुए हैं और इन विषयों पर संयुक्त रूप से संघर्ष करने का निर्णय लिया गया है।
खरगे ने कहा कि विपक्ष लोकतांत्रिक संस्थाओं, चुनावी प्रक्रियाओं और जनता से जुड़े मुद्दों को लेकर अपनी आवाज और अधिक मजबूती से उठाएगा। उन्होंने बताया कि कुछ महत्वपूर्ण विषयों पर कानूनी और संवैधानिक स्तर पर भी पहल की जाएगी। बैठक को विपक्षी एकता के लिहाज से अहम माना जा रहा है, क्योंकि इसमें आगामी राजनीतिक रणनीति और संसद के भीतर समन्वय को लेकर भी चर्चा हुई।
INDIA गठबंधन की बैठक में शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग, परीक्षा प्रणाली पर उठाए सवाल
बैठक के बाद मल्लिकार्जुन खरगे ने नीट और सीबीएसई परीक्षा से जुड़े कथित विवादों का मुद्दा उठाते हुए केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से इस्तीफे की मांग की। उनका कहना था कि शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता और विश्वसनीयता बनाए रखने के लिए जवाबदेही तय होना आवश्यक है।
इसके साथ ही उन्होंने कहा कि विपक्ष चुनावी प्रक्रियाओं से जुड़े मुद्दों पर भी सक्रिय रहेगा और इस संबंध में देश के प्रधान न्यायाधीश को पत्र लिखने की तैयारी की जा रही है। कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि लोकतांत्रिक संस्थाओं की मजबूती और नागरिक अधिकारों की रक्षा विपक्ष की प्राथमिकता है। बैठक में शामिल नेताओं ने शिक्षा, युवाओं और रोजगार से जुड़े मुद्दों को भी प्रमुखता से उठाया।
INDIA गठबंधन की बैठक में आर्थिक चुनौतियों और विदेश नीति पर भी हुई चर्चा
बैठक के दौरान देश की आर्थिक स्थिति, बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी और किसानों की समस्याओं को लेकर भी विस्तृत चर्चा हुई। मल्लिकार्जुन खरगे ने केंद्र सरकार से मांग की कि इन मुद्दों पर गंभीर विचार-विमर्श के लिए जल्द सर्वदलीय बैठक बुलाई जाए। उनका कहना था कि देश जिन आर्थिक चुनौतियों का सामना कर रहा है, उन पर सभी राजनीतिक दलों के बीच संवाद आवश्यक है।
सूत्रों के अनुसार, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने बैठक में केंद्र सरकार की विदेश नीति पर भी सवाल उठाए। उन्होंने पश्चिम एशिया की स्थिति और अंतरराष्ट्रीय व्यापार समझौतों को लेकर सरकार के रुख की आलोचना की। साथ ही किसानों से जुड़े मुद्दों पर भी चिंता व्यक्त की।
खरगे ने घोषणा की कि INDIA गठबंधन की बैठक अब नियमित रूप से हर दो महीने में आयोजित की जाएगी। अगली बैठक 8 अगस्त 2026 को हैदराबाद में होगी। उन्होंने कहा कि संसद और राजनीतिक मंचों पर विपक्षी दलों के बीच समन्वय को और मजबूत किया जाएगा ताकि जनता से जुड़े मुद्दों को प्रभावी ढंग से उठाया जा सके। यह बैठक विपक्षी गठबंधन की आगामी रणनीति और एकजुटता को लेकर महत्वपूर्ण मानी जा रही है।

