द लोकतंत्र/ पटना : बिहार की चर्चित बांकीपुर विधानसभा सीट पर गुरुवार को शांतिपूर्ण माहौल में मतदान संपन्न हो गया। चुनाव आयोग के अनुसार, शाम 5 बजे तक करीब 33.60 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया। अंतिम आंकड़े आने के बाद मतदान प्रतिशत में मामूली बढ़ोतरी संभव है। हालांकि शुरुआती आंकड़ों के आधार पर देखा जाए तो इस बार मतदान का प्रतिशत पिछले विधानसभा चुनाव की तुलना में कम रहा। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह उपचुनाव होने के कारण मतदाताओं की भागीदारी अपेक्षाकृत कम रही। उपचुनाव में Prashant Kishor के बढ़त का दावा किया जा रहा है।
मतदान समाप्त होते ही विभिन्न एजेंसियों ने अपने-अपने आकलन जारी करने शुरू कर दिए। इसी क्रम में जनमत पोल का सर्वे सामने आया है, जिसने बांकीपुर के मुकाबले को लेकर नई राजनीतिक चर्चा छेड़ दी है। हालांकि यह ध्यान रखना जरूरी है कि जनमत पोल या एग्जिट पोल केवल अनुमान होते हैं, इन्हें अंतिम चुनाव परिणाम नहीं माना जा सकता। वास्तविक तस्वीर मतगणना के बाद ही स्पष्ट होगी।
बांकीपुर सीट पर इस बार मुकाबला मुख्य रूप से भारतीय जनता पार्टी (BJP) और जन सुराज के बीच माना जा रहा था। बीजेपी ने अपने संगठन से जुड़े नीरज सिन्हा को उम्मीदवार बनाया, जबकि जन सुराज की ओर से पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर स्वयं चुनाव मैदान में उतरे। वहीं राष्ट्रीय जनता दल (RJD) ने 2025 विधानसभा चुनाव में दूसरे स्थान पर रहीं रेखा गुप्ता पर एक बार फिर भरोसा जताया।
जनमत पोल में किसे कितनी बढ़त?
जनमत पोल के सर्वे के अनुसार, बांकीपुर विधानसभा सीट पर जन सुराज के उम्मीदवार प्रशांत किशोर बढ़त बनाते हुए दिखाई दे रहे हैं। सर्वे में दावा किया गया है कि उन्हें 66 हजार से 71 हजार वोट मिल सकते हैं। वहीं बीजेपी उम्मीदवार नीरज सिन्हा को 44 हजार से 49 हजार वोट मिलने का अनुमान जताया गया है। यदि यह अनुमान सही साबित होता है तो बीजेपी इस सीट पर दूसरे स्थान पर रह सकती है।
सर्वे में राष्ट्रीय जनता दल (RJD) तीसरे स्थान पर दिखाई गई है। पार्टी उम्मीदवार रेखा गुप्ता को 11 हजार से 13 हजार वोट मिलने का अनुमान लगाया गया है।हालांकि चुनावी विशेषज्ञ लगातार यह भी याद दिला रहे हैं कि कई बार एग्जिट पोल और जनमत सर्वे वास्तविक नतीजों से अलग साबित होते हैं। इसलिए अंतिम परिणाम आने तक इन आंकड़ों को केवल संभावित रुझान के तौर पर ही देखा जाना चाहिए।
मतदान प्रतिशत में गिरावट, अब नतीजों पर टिकी निगाहें
बांकीपुर उपचुनाव के दौरान दिनभर मतदान की रफ्तार धीरे-धीरे बढ़ती रही। चुनाव आयोग द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार—
- सुबह 9 बजे तक: 4.61 प्रतिशत मतदान
- सुबह 11 बजे तक: 11.50 प्रतिशत
- दोपहर 1 बजे तक: 20.01 प्रतिशत
- दोपहर 3 बजे तक: 27.90 प्रतिशत
- शाम 5 बजे तक: 33.57 प्रतिशत
पिछले चुनाव की तुलना में इस बार मतदान प्रतिशत कम रहने को लेकर अलग-अलग राजनीतिक दल अपने-अपने दावे कर रहे हैं। कुछ इसे उपचुनाव की सामान्य प्रवृत्ति बता रहे हैं, तो कुछ मतदाताओं की कम भागीदारी को राजनीतिक संदेश के रूप में देख रहे हैं। बांकीपुर सीट का उपचुनाव इसलिए भी खास माना जा रहा है क्योंकि यहां प्रशांत किशोर की राजनीतिक साख दांव पर है। वहीं बीजेपी के लिए यह सीट अपनी पकड़ बनाए रखने की चुनौती है। दूसरी ओर आरजेडी भी इस चुनाव के जरिए राजधानी पटना में अपनी राजनीतिक मौजूदगी मजबूत करने की कोशिश में रही।
अब सभी की निगाहें मतगणना पर टिकी हैं। जनमत पोल ने भले ही प्रशांत किशोर को बढ़त दिखाई हो, लेकिन चुनावी इतिहास गवाह है कि कई बार मतपेटियों से निकलने वाले नतीजे सर्वेक्षणों को पूरी तरह गलत साबित कर देते हैं। ऐसे में बांकीपुर की असली तस्वीर आधिकारिक परिणाम घोषित होने के बाद ही सामने आएगी।



